मथुरा। डीग गेट स्थित करोड़ों की जमीन पर एनओसी दिए जाने के मामले में बैक फुट पर आए निगम अधिकारी इस प्रकरण की जांच कर रही पार्षदों की समिति के प्रश्नों का जवाब नहीं दे सके। वहीं, पार्षदों ने अब डीएम कार्यालय से मूल नक्शा मांगा है । उनका अंदेशा है कि इस नक्शे में फेरबदल कर जमीन के नए सिरे से कागजात तैयार किए गए हैं। शनिवार को चली बैठक के बाद अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जमीन संबंधी जानकारियां दीं ।
जोर पकड़ रहे इस मामले को बढ़ता देख निगम की महत्वपूर्ण जमीन पर एनओसी दिए जाने के मामले में निगम के अधिकारियों ने अपने पैर पीछे खींच लिए। डीग गेट स्थित करोड़ों की संपत्ति के मामले में शनिवार को पार्षदों की समिति ने निगम के अधिकारियों से जानकारियां लीं। महापौर कार्यालय में करीब चार घंटे तक चली बैठक में पार्षद अधिकारियों से संतुष्ट नहीं हो सके । पार्षदों ने डीएम कार्यालय से नक्शे की मूल प्रति मांगी है।
इस नक्शे से निगम कार्यालय में मौजूद नक्शे का मिलान किया जाएगा इसके बाद जमीन की माप कर सच्चाई जानी जाएगी। बैठक के बाद पार्षदगण तथा अधिकारी महापौर डा. मुकेश आर्य बंधु के साथ डीग गेट पहुंचे और मौके का निरीक्षण किया।
इस दौरान पार्षदगण रामदास चतुर्वेदी, हेमंत अग्रवाल, मुन्ना निषाद, मीरा अग्रवाल, लीलाधर सिंह के अलावा उपसभापति मूल चंद गर्ग भी मौजूद रहे। अधिकारियों में अपर नगर आयुक्त सतेन्द्र तिवारी और सहायक नगर आयुक्त राज कुमार मित्तल मौजूद थे । इस संबंध में महापौर ने बताया कि अभी मामले की जांच की जा रही है । जांच के बाद जो भी होगा उस पर निर्णय लिया जाएगा ।