कासगंज। नगर के मोहल्ला मोहन गली जौरा भौरा में रविवार रात छत पर गया छात्र बंदर की घुड़की के कारण भागते समय छत से गिर गया। जानकारी पर परिजन लहूलुहान छात्र को चिकित्सालय ले गए, जहां से उसे रेफर कर दिया गया। आगरा ले जाते समय छात्र की मौत हो गई।
मोहल्ला मोहन गली जौरा भौरा निवासी छात्र अनुनय (15) पुत्र शशांक जैन रविवार रात करीब 10 बजे छत पर खुली हवा खा रहा था। इस दौरान छत पर बंदर आ गए। बंदरों ने छात्र को घुड़की दी तो छात्र अपना बचाव करने के लिए भागा और मुड़ेर से नीचे गली में गिर गया। अनुनय की चीख सपुकर आसपास के लोग मौके पर एकत्रित हो गए। चीखपुकार पर परिजन भी बाहर निकल आए।
लहूलुहान हालत में अनुनय को परिजन चिकित्सालय ले गए, जहां उसे गंभीर हालत में रेफर कर दिया गया। रास्ते में घायल छात्र ने दम तोड़ दिया। अनुनय जेपी एकेडमी के कक्षा 11 का छात्र था। छात्र की मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया। इधर, सोमवार सुबह शहर के लोगों को मामले की जानकारी हुई तो बड़ी संख्या में लोग छात्र के घर पहुंच गए। स्कूल के छात्र भी छात्र के घर आ गए। छात्रों में भी बंदरों को पकड़ने की कार्रवाई न होने पर गुस्सा देखा गया। स्कूल में भी छात्र की मौत पर शोक अवकाश घोषित किया गया।
बंदरों का है आतंक
कासगंज। शहर में बंदरों का आतंक है। अब तक तमाम घटनाएं हो चुकीं हैं। कुछ माह पूर्व नदरई गेट निवासी गल्ला व्यवसायी संजीव कुमार की भी बंदर की घुड़की से छत से गिरकर मौत हो गई थी। रविवार को अहरौली में बंदर के डर से बालक छत से गिर गया। दो साल पहले सूत की मंडी में छत से गिरकर एक युवक की मौत हुई थी।
सिर्फ औपचारिकता का अभियान
कासगंज। नगरपालिका परिषद द्वारा बंदरों को पकड़ने के लिए अभियान चलाया गया। इसके लिए मथुरा की संस्था के साथ अनुबंध किया गया, लेकिन अभियान सिर्फ औपचारिकता तक सिमट कर रह गया।