एटा। गोली मार हत्या करने के मामले में बाग वाला थाने में एसओ रहे अनूप कुमार भारती को एफआर लगाना महंगा पड़ गया है। कोर्ट ने एफआर को अस्वीकार करते हुए डीआईजी और एसएसपी को पत्र लिखकर एसओ के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है।
थाना बागवाला क्षेत्र के गांव कासोंन निवासी राजनश्री पत्नी रनवीर सिंह ने 21 दिसंबर 2015 को रिपोर्ट दर्ज कराते हुए पुलिस को बताया था कि उसके लड़के रजनेश उर्फ छोटे की गांव के ही महीपाल आदि ने गोली मार हत्या कर दी है। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद बाग वाला थाने में तैनात रहे एसओ अनूप कुमार भारती ने मामले की विवेचना शुरू कर दी थी। कुछ दिन विवेचना करने के बाद विवेचक ने हत्या जैसे मामले में एफआर लगाते हुए उसे कोर्ट में दाखिल कर दिया। जिसे सुनवाई के वक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट राकेश कुमार सिंह ने गलत पाया। जिसे लेकर उन्होंने विवेचक अनूप कुमार भारती के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए डीआईजी और एसएसपी के लिए पत्र लिखा है। बताया गया है कि इससे पहले भी निधौलीकलां क्षेत्र के एक मामले में अनूप कुमार भारती ने लापरवाही बरतते हुए विवेचना की थी। जिसे लेकर उनकी पहले भी अधिकारियों से शिकायत की गई थी। इसके साथ ही सीजेएम ने आरोपियों के खिलाफ सम्मन जारी करने का आदेश देते हुए मामले पर प्रसंज्ञान लेने की भी बात कही है।