कासगंज। बुधवार को निकाय चुनाव में हंगामा हुआ। फर्जी मतदान की शिकायतों को लेकर हंगामा और पथराव हुआ जिसमें कई लोग घायल हो गए। एक गाड़ी भी क्षतिग्रस्त हुई। भरगैन में मतदान केंद्र से अलग सपा-बसपा प्रत्याशी भिड़ गए। इन दोनों गुटों के बीच पथराव और फायरिंग हुई। पथराव में कई लोग चुटैल हो गए। पुलिस-प्रशासन ने किसी तरह मामले को संभाला।
कासगंज में 56 फीसदी मतदान हुआ। आजाद गांधी, नवाब तरौरा, सुमंत कुमार, रेलवे इंस्टीट्यूट, पूर्वोत्तर रेलवे और रेलवे डंडा स्कूल सहित अन्य मतदान केंद्रों पर फर्जी मतदान के मामले सामने आए। शाम के समय सुमंत कुमार माहेश्वरी इंटर कॉलेज मतदान केंद्र पर भाजपा-कांग्रेस प्रत्याशियों ने एक दूसरे पर फर्जी मतदान कराने का आरोप लगाया।
पुलिस पर भी फर्जी मतदाताओं का सहयोग करने का आरोप लगा दोबारा मतदान की मांग की है। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष पूर्णेंद्र सोलंकी, कांग्रेस प्रत्याशी डॉ. शशिलता चौहान, भाजपा प्रत्याशी राधा माहेश्वरी ने समर्थकों के साथ दोबारा मतदान की मांग की।
ड्यूटी पर मौजूद दो दरोगाओं पर मारपीट और अपने हाथ से वोट डालने का आरोप लगाया। यहां हंगामें के दौरान एक मतदान केंद्र का दरवाजा भी आक्रोशित लोगों ने तोड़ दिया। पुलिस ने लोगों समझा बुझाकर शांत किया। वहीं दोपहर के समय रेलवे इंस्टीट्यूट मतदान केंद्र के बाहर भाजपा-कांग्रेस समर्थकों के बीच तीखी झड़प हुईं।
सिढ़पुरा में एसबीआर इंटर कॉलेज मतदान केंद्र पर फर्जी वोटिंग को लेकर विवाद हुआ। मतदान केंद्र के पीठासीन अधिकारी आशीष कुमार की अभिकर्ताओं से नोकझोंक हुई। लोगों की शिकायत पर डीएम, एसपी मौके पर पहुंचे। तो वहीं कुछ मुस्लिम मतदाताओं ने थाने पर हंगामा काटा। उनका कहना था कि उन्हें वोट नहीं डालने दिया जा रहा।
फर्जी वोटिंग कराई जा रही है। शाम के समय यह हंगामा और बढ़ गया। सिढ़पुरा चौराहे पर भाजपा को छोड़कर अन्य सभी प्रत्याशी एकत्रित होकर विरोध करने लगे। प्रत्याशियों का आरोप था की भाजपा प्रत्याशी ने फर्जी मतदान कराया है। हंगामा बढ़ता देख पुलिस और सीआरपीएफ ने एकत्रित भीड़ को दबा दिया।
यहां पुलिस ने भाजपा, बसपा, सपा, कांग्रेस और निर्दलीय प्रत्याशियों के प्रतिनिधियों को थाने में नजरबंद रखा। सिढ़पुरा में कुल 68 फीसदी मतदान हुआ। डीएम, एसपी भी काफी देर तक अतिरिक्त पुलिस बल के साथ रहे।
गंजडुंडवारा के एमआर शेरवानी हायर सेकेंडरी स्कूल के मतदान केंद्र पर शाम चार बजे के बाद हंगामा होने लगा। भाजपा प्रत्याशी पर निर्दलीय प्रत्याशी के एजेंट के साथ मारपीट का आरोप लगाया तो देर शाम दोनों ने एक दूसरे के खिलाफ मामला दर्ज करा दिया। यहां पर पथराव भी हुआ। जिसमें पीठासीन अधिकारी गरिमा पचौरी की कार का शीशा टूट गया। गंजडुंडवारा में 67 प्रतिशत मतदान हुआ। अन्य मतदान केंद्रों पर भी काफी भीड़ जमा थी। जिन्हें सीआरपीएफ और पुलिस के जवानों ने कई बार खदेड़ा।
भरगैन में मोहल्ला चखपहाड़ा के मतदान केंद्र पर प्रशासनिक अधिकारियों और प्रत्याशियों एवं उनके प्रतिनिधियों के बीच नोकझोंक हुई। जिससे तनावपूर्ण स्थिति बन गई। अतिरिक्त पुलिसबल मौके पर बुलाया गया। जिसके बाद वहां से लोग भाग गए।
मतदान पूरा होने के बाद मोहल्ला हाईथोक में बसपा-सपा के प्रत्याशियों में गाली गलौज और हाथापाई हुई। दोनों गुटों के भिड़ने पर उनके समर्थक भी आए और पथराव होने लगा। इस पथराव के दौरान बाब, लल्लू सहित कई अन्य लोग चुटैल हो गए। पथराव होने के बाद फायरिंग हुई। फायरिंग से भगदड़ के हालात बन गए, लेकिन कोई घायल नहीं हुआ। 62 फीसदी मतदान हुआ।
सोरों में 64 फीसदी मतदान हुआ। यहां भी फर्जी मतदान को लेकर पन्नालाल धर्मशाला के बूथ पर हंगामा हो गया। पुलिस ने सभासद पद के चार प्रत्याशियों को हिरासत में लिया। पटियाली के लिए 62 फीसदी मतदान हुआ। यहां भी फर्जी मतदान को लेकर कई बार पोलिंग एजेंटों के बीच कहासुनी हुई।
नगरपंचायत मोहनपुर में 82 फीसदी मतदान हुआ।
यहां उत्साह के साथ मतदाताओं ने अपने वोट डाले। अमांपुर नगरपंचायत में भी सुबह के समय मक्खन लाल इंटर कॉलेज पर फर्जी वोटिंग की सूचना प्रशासन को मिली। सूचना पर डीएम, एसपी मौके पर पहुंचे। 69 प्रतिशत मतदान हुआ।
सहावर में भी मतदाताओं ने उत्साह के साथ वोट डाले। यहां 68 फीसदी मतदान हुआ। मतदान केंद्रों पर लंबी लंबी कतारें लगी रहीं। बिलराम के लिए 61 फीसदी मतदान हुआ। मतदाताओं ने यहां भी उत्साह के साथ वोट डाले। फर्जी मतदान के आरोप में पुलिस ने कई लोगों को हिरासत में लिया।