मथुरा। स्कूली बच्चों को दोपहर का भोजन (मिड-डे मील) बांटने वाली संस्था अक्षय पात्र पर एडीएम कोर्ट ने तीन लाख का जुर्माना लगाया है। यह कार्रवाई स्कूल में बांटे गए दूध का नमूना फेल आने पर की गई है।
पांच मई 2016 को अक्षय पात्र संस्था ने स्कूलों में बच्चों को 45 हजार दूध के पाउच वितरित किए थे। खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. शैलेंद्र रावत ने इस दूध के चार नमूने लेकर विभाग की प्रयोगशाला में जांच को भेजे थे।
बच्चों को दिए जा रहे दूध का नमूना मानकों पर फेल हो गया था। इस पर खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने अपर जिला अधिकारी प्रशासन एके श्रीवास्तव की कोर्ट में वाद दायर किया। मामले की सुनवाई में अक्षय पात्र संस्था, जहां से दूध की खरीद की गई उस वालमार्ट संचालक तथा कंपनी के अफसरों ने अपनी बात न्यायालय के सामने रखी।
अपर जिला अधिकारी प्रशासन के न्यायालय ने सभी पक्षों को सुनने के बाद अक्षय पात्र संस्था पर तीन लाख की धनराशि का जुर्माना लगाया है। अपर जिला अधिकारी प्रशासन एके श्रीवास्तव ने जुर्माना लगाए जाने की पुष्टि की है।