मथुरा। न मैं ससुराल जाऊंगी और न ही जाना चाहती हूं मायके। मैं तो केवल अपने प्रेमी मानवेंद्र के साथ ही रहूंगी। यह कहना है फरह के गांव महुअन की मंजू पत्नी श्यामवीर सिंह का। ससुरालीजनों की मारपीट के चलते 13 जून को मंजू सुइसाइड करने के लिए निकली, पर प्रेमी के संग चली गई। फरह पुलिस ने परखम चौराहे से बरामद करते हुए मंजू की मौत की उलझी गुत्थी को सुलझा लिया है।
बता दें कि 23 जून को महावन के गांव कारब की गंगनहर में एक शव मिला था। 24 जून को पोस्टमार्टम गृह पहुंचकर थाना मगोर्रा के गांव कोसीखुर्द के रणवीर सिंह ने बेटी मंजू के रूप में शिनाख्त की थी, जबकि पति श्यामवीर सिंह शुरू से पत्नी का शव होने से इंकार करता रहा। मंजू की मौत की उलझी गुत्थी सुलझाने में जुटी फरह पुलिस को सफलता मिल गई। सोमवार को फरह पुलिस ने परखम चौराहे से मंजू को बरामद कर लिया।
एसपी सिटी श्रवण कुमार सिंह ने बताया कि प्रभारी निरीक्षक आजादपाल सिंह ने मंजू को बरामद करके उसकी मौत से पर्दा हटा दिया है। मंजू की बरामदगी के बाद शिनाख्त करने वाले पिता के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पिता ने पुलिस को गुमराह किया।
मंजू के कोर्ट में कराए गए 164 के बयान
सीओ रिफाइनरी विनय सिंह चौहान ने बताया कि मंजू के 164 के बयान कोर्ट में कराए गए हैं। पर कोर्ट ने उसकी सुपुर्दगी के आदेश नहीं दिए हैं। इसके चलते मंजू को सोमवार को पुलिस सुरक्षा में रखा जाएगा। मंगलवार को कोर्ट के सुपुर्दगी आदेश के बाद भेजा जाएगा।