तहसील प्रशासन ने पटियाली के अग्नि पीड़ितों को आर्थिक सहायता देने के लिए ब्यौरा तैयार कर लिया है। अग्नि पीड़ितों को लगभग 21 लाख की आर्थिक सहायता दी जाएगी। यह सहायता गृह अनुदान, अहितुक सहायता एवं मृतक आश्रितों की मद में रहेगी। पशुहानि की क्षति पोस्टमार्टम रिपोर्ट आ जाने के बाद दी जाएगी। प्रशासन ने पीड़ित परिवारों को गेहूं, आटा, चावल, दाल, तेल, मसाले भी वितरित किए हैं।
रिकैरा गांव में अग्नि कांड में प्रशासनिक आकलन के अनुसार 138 आवासीय घरों में आग लगी थी, जबकि 14 गैर आवासीय घेर थे। इस गांव के 138 परिवारों को गृह अनुदान 4100 रुपये एवं अहितुक सहायता प्रत्येक परिवार को 3800 रुपये के हिसाब से मिलेगी। वहीं, नगला नियाजअली में 22 आवासीय मकान जले तो 18 गैर आवासीय। इन 22 परिवारों को गृह अनुदान एवं अहितुक सहायता दी जाएगी। नगला करन में एक आवासीय एवं 7 गैर आवासीय स्थानों पर आग लगी। एक बालिका कुमारी डिंपल की मौत हुई। डिंपल के परिवार को 4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता मंजूर की गई है। इसके अलावा अहितुक एवं गृह अनुदान भी दिया जाएगा। नगला दरगु में 15 आवासीय एवं 20 गैर आवासीय स्थानों पर आग लगी। सभी 15 पीड़ित परिवारों को गृह अनुदान एवं अहितुक सहायता स्वीकृत की गई है। इस गांव में बालक कालीचरन (6) पुत्र रामरहीस की मौत हो गई थी, जिसके परिवार को 4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता स्वीकृत की गई है।
पीड़ित परिवारों को गेहूं, आटा, चावल, दाल, मसाले, तेल की तत्काल सहायता प्रदान की गई। रिकैरा गांव में 54 टेंट उपलब्ध कराए गए हैं। अग्निकांड में नरवीर, उदयवीर, लाखन, रामरहीस, गिरीश आदि के 10 पशु जल कर मर गए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने पर पशुओं की मौत पर आर्थिक सहायता अतिरिक्त रूप से दी जाएगी। पटियाली के एसडीएम धीरेंद्र सिंह ने बताया कि अग्निकांड पीड़ितों को पूरी मदद दी जा रही है। यह आर्थिक सहायता सभी पीड़ितों के बैंक खाते में जाएगी। जिन पीड़ितों के बैंक खाते नहीं हैं, उनके बैंक खाते खुलवाए जा रहे हैं।