बेवर (मैनपुरी)। नगर पंचायत बेवर की मतदाता सूची से महिला का नाम काटे जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। प्रशासनिक अधिकारियों पर रिश्वत लेने के आरोप पर अपर जिलाधिकारी न्यायिक ने पीड़ित के घर पहुंच कर जांच की।
बेवर निवासी अनुराग गुप्ता ने जिलाधिकारी से शिकायत की थी कि उनकी पत्नी शीतल गुप्ता का नाम नगर पंचायत की मतदाता सूची से नाम कटवा दिया गया है। जिलाधिकारी से शिकायत के बाद तहसीलदार भोंगाव अखिलेश कुमार गुप्ता, नगर पंचायत अधिशासी अधिकारी कल्पना बाजपेई ने सात अक्टूबर को शीतल गुप्ता और अनुराग गुप्ता के निवास का औचक निरीक्षण किया।
जांच रिपोर्ट में स्पष्ट किया कि शीतल गुप्ता बेवर में निवास ही नहीं करतीं। जांच के बाद अनुराग गुप्ता ने एक बार फिर जिलाधिकारी से पत्नी का वोट नगर पंचायत की सूची में जुड़वाने की बात कही। साथ ही तहसीलदार पर आरोप लगाए। बुधवार को अपर जिलाधिकारी अरुण कुमार, तहसीलदार अखिलेश कुमार गुप्ता, ईओ कल्पना बाजपेई संयुक्त रूप से अनुराग गुप्ता के घर पहुंचे और स्थलीय निरीक्षण किया।
इस दौरान वे काफी देर तक मौके पर रुके और आसपास के लोगों से भी जानकारी की। पूछने पर एडीएम न्यायिक एके सिंह ने कहा कि जांच पूरी होने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।
बता दें कि नगर पंचायत के निवर्तमान चैयरमेन सरितकांत भाटिया ने इस संबंध में मुख्यमंत्री व उच्चाधिकारियों से शिकायत की थी। इसमें मुख्यमंत्री पोर्टल ने उन्हें नगर पंचायत का मतदाता नहीं माना है। वहीं अनुराग गुप्ता का कहना है कि सरितकांत भाटिया एवं अन्य भाजपा नेताओं के दबाव में उनकी पत्नी का नाम काटा गया है। जबकि पूर्व में हुए निकाय चुनाव में वे बेवर नगर पंचायत से चुनाव भी लड़ चुकी हैं।