शहर मे हुई सांप्रदायिक हिंसा और हत्या के आरोपी लगातार न्यायालय से जमानत पाने की कोशिश में लगे हैं। जेल में बंद एक आरोपी के जमानत प्रार्थना पत्र को सीजीएम न्यायालय से खारिज कर दिया है। शनिवार को जिला जज न्यायालय में हिंसा के पांच अन्य आरोपियों के खिलाफ भी सुनवाई होनी है।
दीपक निवासी ततारपुर के जमानत प्रार्थना पत्र को सीजीएम न्यायालय से शुक्रवार को निरस्त कर दिया गया है। सीजीएम न्यायालय से पूर्व में भी 14 न्यायालय पत्र निरस्त किए जा चुके हैं। पुलिस की ओर से अभियोजन अधिकारियों ने हिंसा के मामले को गंभीर बताते हुए जमानत का विरोध किया। अन्य जमानत प्रार्थना पत्र की सुनवाई के दौरान पुलिस ने अभियोजन अधिकारियों के साथ मिलकर जमानत का विरोध करने की तैयारी की है। शनिवार को जिला जज न्यायालय में राज निवासी पैसोई, अनुज तोमर निवासी लवकुश नगर, विनीत सक्सेना अनिल कुमार निवासी नगला वाले, सचिन निवासी ततारपुर के जमानत प्रार्थना पत्रों पर सुनवाई शनिवार को होनी है। आरोपियों के परिवारीजन लगातार जमानत के लिए पैरवी में जुटे हैं। अपर पुलिस अधीक्षक पवित्र मोहन त्रिपाठी का कहना है कि पुलिस अभियोजन अधिकारियों के माध्यम से जमानत का विरोध कर रही है।