सुख सुविधा छिनने के डर से सही बात नहीं कहते मंत्री: राजभर
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एटा। प्रदेश में भाजपा सरकार के मंत्री ने गुरुवार को अपनी ही सरकार को निशाने पर ले लिया। पिछड़ा वर्ग कल्याण और दिव्यांग सशक्तिकरण विभाग के मंत्री ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी और सीएम योगी आदित्यनाथ तक असली बात पहुंच नहीं रही है। मंत्री सुख-सुविधाएं छिनने के डर से असली बातें कहने से डरते हैं। चापलूस अधिकारी और नेता सरकार को गुमराह कर रहे हैं। हम सरकार में शामिल हैं, लेकिन समझौते के साथ हैं। इसलिए अपनी बात बेबाकी से कहते हैं। उन्होंने कहा कि मुझे सत्ता का लालच नहीं है। हमारी पार्टी ने चार सीटों पर जीत पाकर सरकार में जगह बनाई है।
एटा में निरीक्षण भवन में पहुंचे सरकार के मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने भाजपा सरकार की कई कमियां गिनाईं। वे बोले कि हमारी भारतीय समाज पार्टी को चार सीटें मिलीें। जिसमें पार्टी ने मुुझे राज्यमंत्री बना दिया। मगर मैं अपनी बात कहने से कभी नहीं चूकता। उन्होंने कहा कि राम मंदिर मुद्दे पर हम भाजपा के साथ खड़े हैं, मगर समझौते के साथ हम खुद को मजबूत बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि पिछले चुनावों में भाजपा हमसे 36 सीटों और कांग्रेेस 69 सीटों पर पीछे रही थी। 2019 के चुनाव में भी हमारी पार्टी मजबूती से उतरेगी।
उन्होंने यह कहा कि सरकार आर्थिक आधार आरक्षण लागू करे। आरक्षण की सही परिभाषा नेताओं ने बिगाड़ दी है। प्रदेश में शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त किया जाना चाहिए। प्रदेश में 26 फीसद अंगूठा टेक और 60 फीसद अनपढ़ हैं। उन्होंने अपनी पार्टी की उपलब्धियां गिनाते हुए कहा कि भारतीय समाज पार्टी पूरे देश में अपना परचम लहरा रही है। धीरे-धीरे हम अपनी पैंठ कायम करेंगे। भाजपा जिलाध्यक्ष डा. दिनेश वशिष्ठ, मारहरा विधायक वीरेंद्र वर्मा, प्रदीप भामाशाह समेत तमाम भाजपा नेता मौजूद रहे। बता दें कि मंत्री राजभर जलेसर में समेकित विद्यालय का निरीक्षण करने आए थे।
दिव्यांगों के लिए हुई कई योजनाएं शुरू
मंत्री ने कहा कि प्रदेश में पिछड़ा वर्ग और दिव्यांगों के कल्याण के लिए कई योजनाएं संचालित की गई हैं। पेंशन को 300 रुपये से बढ़ाकर 500 रुपये किया गया है। साथ ही दिव्यांगों को ट्रेन के एसी कोच में आरक्षण देने की व्यवस्था की जा रही है। इसके साथ ही शादी अनुदान को 20 हजार से बढ़ाकर 35 हजार किया गया है। शल्य चिकित्सा की राशि आठ हजार से 10 हजार की गई है। उन्होंने कहा कि सरकार अब दिव्यांगों को इलैक्ट्रिक रिक्शा देने जा रही है। जिसमें पीछे ट्राली लगेगी। ताकि दिव्यांग छोटी दुकान भी चला सकें।