फिरोजाबाद। सुहागनगरी में वर्षों से पेयजल का गंभीर संकट बना हुआ है। करोड़ों रुपये होने के बावजूद नगर निगम आधी आबादी को भी पेयजल उपलब्ध नहीं करा पा रहा। गर्मी को देखते हुए नगर निगम अभी से पेयजल संकट से निबटने की तैयारी शुरू कर दी है।
शहर की सात लाख से अधिक आबादी को पेयजल मुहैया कराने की जिम्मेदारी नगर निगम के कंधों पर है लेकिन शहर में लगातार स्तर गिरने के कारण पेयजल संकट गहराता जा रहा है। वर्तमान में नगर निगम द्वारा शहर में स्थापित दो सैकड़ा नलकूप, पांच सौ से अधिक सबमर्सिबलों के जरिए जनता को पानी मुहैया कराया जा रहा है। सीडब्लूआर, ओवरहेड टैंक व पाइप लाइनों के जरिए घरों तक पानी पहुंचाने के लिए निगम हरसंभव प्रयास कर रही है। इसके बावजूद आज भी आधी आबादी प्राइवेट सबमर्सिबल व बोतल खरीद कर पानी पीने को मजबूर है।
गर्मी का सीजन शुरू होने से पूर्व ही नगर निगम अफसरों को पेयजल संकट की चिंता सताने लगी है। गर्मी आने से पूर्व जनता को पानी उपलब्ध कराने के लिए संसाधन जुटाने की दिशा में प्रयास शुरू कर दिए हैं। जलकल विभाग द्वारा शहर में 14वें वित्त आयोग के अंतर्गत छह करोड़ से अधिक के प्रस्ताव तैयार किया गया है। इस बजट से शहर में 11 स्थानों पर नए नलकूप स्थापित कराने की योजना है। आधा सैकड़ा समस्याग्रस्त क्षेत्रों में सबमर्सिबल स्थापित कराए जाएंगे। नलकूपों को घरों से जोड़ने के लिए संबंधित क्षेत्रों में पाइप लाइन विस्तार कराया जाएगा।
आकाशवाणी रोड, हुसैन मोहल्ला, सरक्यूलर रोड, चौकी गेट, ब्राह्मण धर्मशाला, रामगढ़ क्षेत्र, हबीबगंज, मक्का कालोनी, मदीना कालोनी, हिमायूंपुर, नगला पचिया, छपरिया नगला मिर्जा बड़ा, सैलई, अंबडेकर पार्क, रसूलपुर, नगला मोती, लालऊ, छतरी वाला कुआं, इमामबाड़ा, गालिब नगर सहित अन्य मोहल्लोें में आज भी पेयजल का गंभीर संकट है।
सुहागनगरी की जनता को मीठा पानी मुहैया कराने के लिए जेड़ाझाल परियोजना पर तेजी से कार्य चल रहा है। शासन द्वारा हाल में 50 करोड़ का बजट जारी किया गया है। शासन प्रशासन व जनप्रतिनिधियों द्वारा निरंतर योजना की समीक्षा की जा रही है। जलनिगम द्वारा सैलई में वाटर ट्रीटमेंट प्लांट, ओवरहेड टैंक, सीडब्लूआर निर्माण के साथ अंडरग्राउंड पाइप लाइन डालने का तेजी से कार्य कराया जा रहा है। गर्मी के सीजन तक जनता को हर हाल में पानी दिलाने की दिशा में कार्य कराया जा रहा है।