क्रिकेट की इंडियन प्रीमियम लीग की तर्ज पर अगले साल कुश्ती लीग का भी आयोजन होने जा रहा है। इससे कुश्ती को प्रमोट किया जा सकेगा। लीग की वजह से पहलवानों पर पैसा भी बरसेगा, जिसे वे अपनी खुराक और ट्रेनिंग पर लगाकर देश के लिए मेडल ला सकेंगे। यह कहना है लंदन ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता पहलवान योगेश्वर दत्त का। वे मिनी ओलंपिक के विजेताओं का सम्मान करने के लिए चंडीगढ़ आए हुए थे। उन्होंने कहा कि रेसलिंग फेडरेशन आफ इंडिया द्वारा करवाई जा रही लीग में नए पहलवानों को उभरने का मौका मिलेगा। रेसलिंग लीग का भारत के सात शहरों में आयोजन किया जाएगा। इसमें हिस्सा लेने वाली हर टीम में पांच देसी और विदेशी पहलवान होंगे।
कुश्ती के जरिये सुधरेंगे पाक से रिश्ते
योगेश्वर दत्त ने कहा कि 19 अक्तूबर से जम्मू में होने वाले मिशन दोस्ती दंगल के जरिये पड़ोसी देश पाकिस्तान के साथ संबंध मजबूत करने का मौका मिलेगा। इस प्रतियोगिता के लिए अभी उनका नाम तय नहीं हो पाया है, लेकिन वह इसमें खेलना चाहते हैं। योगेश्वर दत्त ने बताया कि अगले साल अप्रैल में वह एशियन चैंपियनशिप में और सितंबर में वर्ल्ड चैंपियनशिप में हिस्सा लेंगे। इसके लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं।
एकेडमी के लिए रोहतक और सोनीपत में देख रहे जगह
योगेश्वर दत्त ने बताया कि वह नए प्रतिभाओं को निखारने के लिए अपनी कुश्ती एकेडमी खोलने जा रहे हैं। इसके लिए वह रोहतक और सोनीपत में जगह देख रहे हैं। योगेश्वर ने कहा कि हाल ही में हुई वर्ल्ड चैंपियनशिप में भारत की महिला पहलवानों ने ब्रांज मेडल जीते, जो अच्छा संकेत है। कुश्ती में भी महिलाएं अपना दम दिखा रही हैं।