शतरंज में विश्वनाथन आनंद की बादशाहत खत्म हो गई है। दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी मैग्नस कार्लसन नए विश्व चैंपियन बन गए हैं।
कार्लसन ने पांच बार के चैंपियन विश्वनाथन आनंद को दसवीं बाजी में शुक्रवार को रोमांचक अंदाज में ड्रा पर रोककर जरूरी आधा अंक हासिल कर लिया।
उन्होंने पिछली नौ बाजियों में 6 अंक हसिल किए थे। चैंपियनशिप जीतने के लिए उन्हें आधे अंक की जरूरत थी।
कार्लसन ने आधा अंक दसवीं बाजी में हासिल कर लिए।
आनंद को पहली नौ बाजियों में तीन बार हार झेलने के बाद मुकाबले में बने रहने के लिए आखिरी तीन बाजियां जीतने की जरूरत थी, लेकिन कार्लसन ने भारतीय सुपर ग्रैंडमास्टर को दसवीं बाजी में ड्रा पर रोककर मामला निपटा दिया।
नार्वे के 22 साल के कार्लसन इस जीत के साथ ही विश्व शतरंज खिताब जीतने वाले विश्व के सबसे युवा खिलाडी बन गए हैं। सबसे कम उम्र में विश्व खिताब जीतने का रिकार्ड रूस के गैरी कास्परोव के नाम है।
कार्लसन को इस जीत से नौ करोड़ 60 लाख रुपए की भारी भरकम पुरस्कार राशि मिली जबकि आनंद को छह करोड़ 40 लाख रुपए से संतोष करना पड़ा।