पेरिस ओलंपिक
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फलस्तीन टीम का तोहफों और तालियों से स्वागत
फलस्तीन के ओलंपिक दल का यहां पहुंचने पर लोगों ने तालियों और तोहफों के साथ स्वागत किया और तोहफों में खाने का सामान और गुलाब के फूल शामिल थे। पेरिस हवाई अड्डे से बाहर निकलकर फलस्तीन के खिलाड़ियों ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि अब तक 39000 फलस्तीनियों की जान ले चुके इस्राइल-हमास युद्ध के बीच उनकी मौजूदगी संकेत की तरह होगी। खिलाड़ियों, फ्रांस के समर्थकों और राजनीतिज्ञों ने यूरोपीय देशों से फलस्तीन को एक राष्ट्र के रूप में मान्यता देने का अनुरोध किया है। कइयों ने ओलंपिक में इस्राइली खिलाड़ियों के खेलने पर नाराजगी जताई है जिन्होंने इस्राइल पर युद्धापराध और मानवता के खिलाफ अपराध के आरोप लगाए हैं।
इनसे है पदक की उम्मीद
नीरज चोपड़ा, किशोर जेना (भालाफेंक), मीराबाई चानू (भारोत्तोलन), पीवी सिंधू, सात्विक-चिराग (बैडमिंटन), विनेश फोगाट, अंतिम पंघाल (कुश्ती), लवलीना बोरगोहेन, निकहत जरीन(मुक्केबाजी), मनु भाकर, सिफत कौर(निशानेबाजी)।