मैच के बाद सुपरमॉम ने कहा कि जब उन्हें पता चला कि वो ओलंपिक से बाहर हो गई हैं तो वह काफी हैरान और परेशान थीं क्योंकि उन्हें दुर्भाग्यपूर्ण हार का सामना करना पड़ा। मैच के दो घंटे बाद मीडिया से बातचीत में मैरीकॉम ने कहा, 'मुझे लगा कि मैं जीत गई हूं, लेकिन कुछ समय बाद मैंने किरेन रिजिजू का ट्वीट देखा, मैं उस समय यह जानकर हैरान और परेशान थी कि मैं मैच हार गई हूं।'
बता दें कि मैरीकॉम के हारने के बाद पूर्व खेल मंत्री व मौजूदा कानून मंत्री रिजिजू ने ट्वीट कर कहा, 'आप टोक्यो ओलंपिक में महज एक अंक से हारीं लेकिन मेरे लिए आप हमेशा एक चैंपियन हो। आपने वो हासिल किया है, जो दुनिया में कोई महिला मुक्केबाज हासिल नहीं कर सकी है। आप महान हो। भारत को आप पर गर्व है। मुक्केबाजी और ओलंपिक को आपकी कमी खलेगी। उन्होंने सभी भारतीयों के लिए कहा, मैरीकॉम साफ तौर पर विजेता थीं लेकिन जजों की अपनी गणना होती है।'
अभी खेल से संन्यास लेने की कोई इच्छा नहीं - सुपरमॉम
जब रैफरी ने मुकाबले के अंत में वालेंसिया का हाथ ऊपर उठाया तो मैरीकॉम की आंखों में आंसू थे और चेहरे पर मुस्कान थी। इस निराशा के बावजूद मैरीकॉम ने समाचार एजेंसी पीटीआई को दिए इंटरव्यू में कहा कि उनकी अभी खेल से संन्यास लेने की कोई इच्छा नहीं है। उन्होंने कहा, 'मैं अब भी लड़ सकती हूं, मैं अब भी काफी ताकतवर हूं। अगर आप में जज्बा है तो आप लड़ सकते हो, निश्चित रूप से अनुशासन के साथ ट्रेनिंग भी बहुत महत्वपूर्ण है। मैं 20 साल से मुक्केबाजी कर रही हूं।'