रियो ओलंपिक में क्वार्टरफाइनल में उज्बेकिस्तान के मुक्केबाज से हारकर बाहर होने वाले बॉक्सर मनोज कुमार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भारतीय बॉक्सिंग में हस्तक्षेप करने की मांग की है। फिलहाल भारतीय बॉक्सिंग प्रशासनिक दिक्कतों से गुजर रहा है।
भारतीय बॉक्सिंग को शरशैया पर बताते हुए बॉक्सर मनोज कुमार ने कहा है कि प्रधानमंत्री को इस मामले को जरूर देखना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि भारतीय बॉक्सिंग संघ को अंतरराष्ट्रीय बॉक्सिंग संघ ने निलंबित न किया होता, तो भारत को बॉक्सिंग में मेडल जरूर मिलता। चार साल के प्रतिबंध ने भारत की उम्मीदों को बड़ा झटका दिया है।
भारतीय मुक्केबाज ने कहा कि वो पहला राउंड वो जीत गए थे। उन्होंने कहा कि टारगेट ओलंपिक पोडिया स्कीम (टॉप) में उन्हें जून में क्वालिफाई करने के बाद शामिल किया गया था। यह काफी लेट था।
उन्होंने पूछा है कि भारत में मुक्केबाजों की अगली खेप कौन तैयार कर रहा है। भविष्य में बॉक्सिंग रिंग में भारत के लिए कौन उतरेगा।