मैगनस कार्लसन और फेबियानो कैरूआना
मैग्नस कार्लसन ने दुनिया के दूसरे नंबर खिलाड़ी फाबियानो करूआना को हराकर विश्व शतरंज चैंपियनशिप 2018 का खिताब जीत लिया है। कार्लसन ने फाबियानो के खिलाफ तीन टाईब्रेकर जीतकर यह खिताब अपने नाम किया।
बता दें कि तीन हफ्ते में 50 घंटे से अधिक के खेल के बाद शतरंज विश्व चैंपियनशिप के खिताब का फैसला टाईब्रेकर पर पहुंच गया था। अमेरिका के चैलेंजर फाबियानो करूआना और गत विश्व चैंपियन नार्वे के मैग्नस कार्लसन के बीच लगातार 12 बाजियां ड्रॉ रही।
शतरंज विश्व चैंपियनशिप के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है। लंदन में 'साउंडप्ररूफ ग्लास' केबिन में खेले जा रहे इस मैच का फैसला अब रैपिड बाजियों पर जा पहुंचा था। अगर फिर भी नतीजा नहीं निकलता है तो विजेता का फैसला करने के लिए सडन डेथ प्रारूप का सहारा लिया जा सकता था।
26 वर्षीय करूआना की नजरें बाबी फिशर के बाद पहला अमेरिकी विश्व चैंपियन बनने पर टिकी थी। करूआना के खिलाफ हालांकि 27 वर्षीय कार्लसन का पलड़ा भारी माना जा रहा है था जो 19 साल की उम्र से दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी हैं। कम समय के मैचों में उन्हें काफी मजबूत माना जाता है।
कार्लसन ने हालांकि सोमवार को 12वीं बाजी के दौरान करूआना को ड्रॉ की पेशकश करके कई कमेंटेटर को हैरान कर दिया, जबकि विशेषज्ञों और कंप्यूटर प्रोग्राम का मानना था कि वह बेहतर स्थिति में थे।