खेल इंडिया स्कूल खेलों में जिम्नास्टिक में ऑलराउंड का स्वर्ण पदक जीतने वाले उत्तर प्रदेश के जिम्नास्ट मोहम्मद अनस को नाडा के हियरिंग पैनल ने फटकार लगाकर छोड़ दिया है। उनकी 17 साल की उम्र और डॉक्टर की सलाह पर ली गई खांसी की दवा को ध्यान में रख पैनल ने उन पर कोई प्रतिबंध नहीं लगाया सिर्फ फटकार लगाकर छोड़ दिया।
अनस के सैंपल में बीटा टू एगोनिस्ट टरब्यूटलाइन पाया गया था। हालांकि अनस पर पैनल ने कोई प्रतिबंध नहीं लगाया है, लेकिन डोपिंग का यह उनका पहला अपराध माना जाएगा। यही नहीं खेलो इंडिया स्कूल खेलों में जीता गया उनका स्वर्ण पदक भी वापस लिए जाने की संभावना है।
अनस को बेहद प्रतिभाशाली जिम्नास्ट माना जाता है। उन्होंने हियरिंग पैनल के समक्ष सुनवाई में कहा कि डोप सैंपल लेने के दौरान उन्होंने अपनी दवाओं को दिखाया था, लेकिन पारिवारिक डॉक्टर की ओर से लिखी गई खांसी की दवा को कांच की शीशी होने के चलते साथ नहीं रखा।
उन्होंने पैनल के समक्ष डॉक्टर की ओर से लिखा गया पर्चा भी रखा। खेलो इंडिया स्कूल खेलों में 11 खिलाड़ी डोप में फंसे थे। सभी नाबालिग हैं। इनमें से कुछ पर नाबालिग होने के चलते एक साल का प्रतिबंध लगाया गया है।