इंटरनेशनल वेटलिफ्टिंग फेडरेशन ने स्वीकार कर लिया है कि उनकी ओर से इंडियन वेटलिफ्टिंग फेडरेशन को भेजी गई संजीता चानू की रिपोर्ट में प्रशासनिक चूक हुई है। रिपोर्ट में संजीता के दो सैंपल कोड दर्शाए गए थे।
आईडब्लूएफ ने नाडा को भेजे जवाब में कहा है कि यह प्रशासनिक चूक है। दूसरा सैंपल कोड गलती से लिख दिया गया है। हालांकि, इससे संजीता के डोप में फंसने पर कोई राहत नहीं मिलने वाली, लेकिन इस स्वीकारोक्ति पर दो बार की राष्ट्रमंडल खेलों की विजेता लिफ्टर ने जांच की मांग कर दी है।
संजीता ने दो सैंपल कोड दिए जाने पर डीएनए टेस्ट की मांग उठाई थी। जब यह मामला नाडा के पास पहुंचा तो उन्होंने आईडब्लूएफ से सफाई मांग ली। नाडा को दिए जवाब में आईडब्लूएफ ने कहा है कि जिस सैंपल में संजीता पॉजिटिव पाई गई हैं उसका सैंपल कोड नंबर 1599000 है, जबकि 1599176 सैंपल कोड नंबर गलती से लिख दिया गया है।
यह आईडब्लूएफ से प्रशासनिक चूक हुई है। नाडा ने आईडब्लूएफ की ओर से भेजे गए जवाब को खेल मंत्रालय को भेज दिया है। आईडब्लूएफ की ओर से की गई इस गलती के आधार पर संजीता ने इस केस की नए सिरे से जांच कराने की मांग की है।