कोरोनाय वायरस के बढ़ते मामलों को देखते हुए आईओसी का कहना है 'इस स्तर पर टोक्यो ओलंपिक के लिए किसी भी कठोर निर्णय की कोई आवश्यकता नहीं है।' आईओसी ने कहा है कि हम एथलीटों को उनके संबंधित नेशनल ओलंपिक समिति के साथ परामर्श करके उनका समर्थन करते रहेंगे। साथ ही उन्होंने सभी एथलीटों को उत्साह के साथ टोक्यो ओलंपिक के लिए अपनी तैयारी जारी रखने को कहा है।
आईओसी ने अंतरराष्ट्रीय खेल महासंघों के साथ चर्चा के बाद एक बयान में कहा कि कोरोना वायरस के प्रभाव के कारण क्वालीफायर में बदलाव किए जाने की आवश्यकता है, लेकिन टोक्यो ओलंपिक को तय समय के मुताबिक ही कराने की योजना है। यानी टोक्यो ओलंपिक 24 जुलाई से 9 अगस्त के बीच ही आयोजित होने की संभावना है।
इससे पहले अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) के समन्वय आयोग के प्रमुख जॉन कोटस ने कहा है कि कोविड 19 महामारी के संक्रमण के खतरे के मद्देनजर टोक्यो ओलंपिक के बारे में कोई निर्णय लेने के लिए समयसीमा तय नहीं की गई है।
उनको यकीन है कि दुनिया भर में फैले इस वायरस के बावजूद खेल महाकुंभ समय पर होंगे। इससे पूर्व आईओसी के पूर्व उपाध्यक्ष डिक पौंड ने कहा था कि टोक्यो ओलंपिक को लेकर कोई अंतिम निर्णय की मई के अंत में संभावित समय सीमा हो सकती है। स्विट्जरलैंड से कोटस ने कहा कि यह डिक की निजी राय हो सकती है। अभी चार महीने शेष हैं।