पांच बार की विश्व चैंपियन मुक्केबाज एमसी मैरीकॉम की निगाह नवंबर में भारत की मेजबानी में होने वाले विश्व चैंपियनशिप के स्वर्ण पदक पर हैं। 2014 एशियाड की चैंपियन कंधे में दिक्कत के चलते अगले महीने जकार्ता में शुरू होने वाले एशियाई खेलों में भाग नहीं लेंगी। हालांकि 35 वर्षीय मैरीकॉम 2010 बाद पहली बार विश्व चैंपियनशिप में वापसी करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। उन्होंने गोल्ड कोस्ट राष्ट्रमंडल खेलो और 2017 में एशियाई महिला चैंपियनशिप में पीला तमगा जीता था।
'मैग्नीफिसेंट मैरी' के नाम से मशहूर मैरीकॉम ने बुधवार को कहा, 'अगर सब कुछ ठीक रहा और कोई चोट नहीं लगी तो मैं दावे के साथ कह सकती हूं कि मैं एक बार फिर विश्व चैंपियन बनूंगी। अगर इस दौरान कुछ अप्रिय होता है तो मैं कुछ नहीं कह सकती। मैंने अपनी ट्रेनिंग शुरू कर दी है। छह-सात साल पहले हम दो-तीन घंटे प्रैक्टिस करते थे पर अब यह जरूरी नहीं। अब हम सब कुछ एक घंटे के अभ्यास में कर सकते हैं। वापसी के लिए फिट होना बहुत जरूरी है। मैंने विश्व चैंपियनशिप को अपना टारगेट बनाया है। हम इस चैंपियनशिप की मेजबानी कर रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि इसमें मैं देश को गौरव प्रदान करूंगी।'
लंदन ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता मैरीकॉम मौजूदा समय में 48 किग्रा वर्ग में हिस्सा लेती हैं । राष्ट्रमंडल खेलों का अपना पहला स्वर्ण पदक भी उन्होंने इसी वर्ग में जीता था। मैरीकॉम ने 2001 में रजत जीतने के बाद 2002, 2005, 2006, 2008 और 2010 में विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीते थे।