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यूनिवर्सिटी खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली दुती चंद ने कहा, 'मैं अभी खत्म नहीं हुई हूं'

Wed, 17 Jul 2019 03:26 PM IST
Rohit Ojha स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
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दुती चंद - फोटो : social media
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हाल ही में विश्व यूनिवर्सिटी खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली स्टार फर्राटा धाविका दुती चंद ने बुधवार को कहा कि वह अभी खत्म नहीं हुई हैं। समलैंगिक रिश्ते के खुलासे के बाद कुछ हलकों में फैली नकारात्मकता के बावजूद पिछले सप्ताह विश्व यूनिवर्सिटी खेलों में स्वर्ण पदक जीतने के बाद उसकी नईं सफलताएं अर्जित करने की लालसा बढ गई है । 23 वर्षीय दुती ने नौ जुलाई को नपोली में विश्व यूनिवर्सिटी खेलों में स्वर्ण पदक जीता और वह यह कारनामा करने वाली पहली भारतीय महिला बनी ।

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दुती ने कहा कि यह उनके आलोचको को करारा जवाब है जिन्होंने समलैंगिक रिश्ता कबूल करने के बाद उनका बोरिया बिस्तर बंधवा दिया था ।  पीटीआई से कहा कि,‘कई लोगों ने खराब भाषा का इस्तेमाल किया। उन्होंने कहा कि दुती का फोकस निजी जीवन पर है और एथलेटिक्स में उनका कैरियर खत्म हो गया है ।

मैं उन्हें बताना चाहती हूं कि मैं अभी खत्म नहीं हुई हूं ।’ उन्होंने कहा कि,‘ जिस तरह दूसरे इंसान अपनी निजी जिंदगी को लेकर चिंतित होते हैं , वैसे ही मैं भी हूं । यही वजह है कि मैने अपने रिश्ते के बारे में स्वीकार किया।’ 
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दुती ने कहा कि,‘इसके यह मायने नहीं है कि मेरा अपने कैरियर पर ध्यान नहीं है । मैने अपना रिश्ता इसलिए स्वीकार किया, क्योंकि मुझे लगा कि वह जरूरी है । अब मेरा फोकस पहले से ज्यादा अपने कैरियर पर है।’ 

विश्व यूनिवर्सिटी खेलों में पदक जीतने के बाद उसने ट्वीट किया था ,‘मुझे नीचा दिखाओ, मैं और मजबूती से उभरूंगी ।’ दुती को अभी दोहा में इस साल के आखिर में होने वाली विश्व चैम्पियनशिप और अगले साल तोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करना है ।

उन्होंने कहा,‘ विश्व स्तर पर यह मेरा पहला स्वर्ण है, लेकिन आगे का रास्ता कठिन है । मेरा लक्ष्य विश्व चैम्पियनशिप और फिर ओलंपिक है। मुझे इतने सारे लोगों से बधाई संदेश आए, लेकिन मेरे पैर जमीन पर हैं । मुझे आगे अहम टूर्नामेंटों पर ध्यान देना है ।’ 

दुती ने कहा कि मैने अभी विश्व चैम्पियनशिप या ओलंपिक के लिए क्वालीफाई नहीं किया है । इस बार क्वालीफाइंग टाइमिंग और कठिन है । मैने भारतीय एथलेटिक्स महासंघ से एशिया या यूरोप में कुछ टूर्नामेंट का बंदोबस्त करने के लिए कहा हैं, ताकि मैं क्वालीफाई कर सकूं ।’ 

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