फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इंटर कॉलेज प्रतियोगिता: हंगामे के बाद जोगिंद्रनगर बना खो-खो चैंपियन

Wed, 16 Oct 2019 07:47 PM IST
Krishan Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जोगिंद्रनगर (मंडी)
विज्ञापन
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

राजीव गांधी राजकीय महाविद्यालय जोगिंद्रनगर में इंटर कॉलेज पुरुष खो-खो प्रतियोगिता के फाइनल मैच में खूब हंगामा हुआ। खिताबी मुकाबला हमीरपुर और जोगिंद्रनगर के बीच हो रहा था। मैच के दूसरे हॉफ में अचानक दर्शक रेफरी के कुछ निर्णयों का विरोध करते हुए मैदान में आए।

विज्ञापन


रेफरी ने छात्र खिलाड़ियों को मैदान छोड़ने का इशारा किया और मैदान खाली हो गया। इसी बीच रेफरी से धक्कामुक्की भी हुई और गालीगलौज भी किया गया। मैच बंद हो गया।

सूचना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस की मौजूदगी में मैच शुरू करवाने की कोशिश हुई, लेकिन हमीरपुर की टीम ने मैच खेलने से  ही मना कर दिया। सूचना विवि प्रबंधन को दी गई।
विज्ञापन


इसके बाद ज्यूरी गठित करके पूरे प्रकरण की जांच हुई और अंत में जोगिंद्रनगर को विजेता घोषित किया गया। इससे हमीरपुर का चार साल लगातार विजेता रहने का रिकॉर्ड भी टूट गया। उधर, पूरे मामले की सूचना शिक्षा निदेशालय को सूचित किया जा चुका है। 

विज्ञापन

महिला वर्ग की खो-खो प्रतियोगिता में आरकेएमवी विजयी

हमीरपुर टीम के कोच स्वर्ण राणा ने कहा कि उनकी टीम गत चार साल से विनर है। जैसे ही वह बढ़त लेने लगे तभी मैच में घटना घट गई। छात्रों की सुरक्षा को देखते हुए उन्होंने छात्रों को मैदान छोड़ने का इशारा करना पड़ा। उधर, जोगिंद्रनगर के कोच रविंद्र कुमार ने कहा कि मैच रेफरी ने बेवजह मैच रोक दिया तथा हमीरपुर की टीम को चले जाने को कहा।

उन्होंने कहा कि मैच को पुन: करवाया जा सकता था। आरोप लगाया कि मैच रेफरी ज्युरी के समक्ष पेश होने से पहले ही चल दिए। हालांकि, उन्हें कई बार बुलाया गया। उधर, जोगिंद्रनगर महाविद्यालय के प्राचार्य हरीश अवस्थी ने कहा कि जब यह घटना घटी तभी उन्होंने पुलिस को बुला लिया। 

महिला वर्ग की खो-खो प्रतियोगिता में आरकेएमवी शिमला ने एमएलएसएम सुंदरनगर को हराकर खिताब जीता। तीसरे स्थान पर मंडी कॉलेज रहा। समारोह का समापन की अध्यक्षता सेवानिवृत्त संयुक्त निदेशक उच्च शिक्षा विभाग सतीश चंद्र और विशेष अतिथि सेवानिवृत्त प्राचार्य तृप्ता टंडन तथा डॉ. एसके टंडन थे। 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें