भारतीय हॉकी टीम के मुख्य कोच ग्राहम रीड ने शनिवार को कहा कि कोविड-19 से जूझ रहे छह खिलाड़ियों के झटके से उबरने की कोशिश कर रहे पुरुष हॉकी कोर समूह ने बुनियादी व्यायाम के साथ राष्ट्रीय शिविर को फिर से शुरू कर दिया है जो अगले कुछ हफ्तों में कौशल विकास पर ध्यान केंद्रित करेंगे।
कप्तान मनप्रीत सिंह, सुरेंद्र कुमार, जसकरन सिंह, वरुण कुमार, कृष्ण बहादुर पाठक और मनदीप सिंह को 10 से 12 अगस्त के बीच जांच में कोरोना वायरस पॉजिटिव पाया गया था। उन्हें बेंगलुरु के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पांच खिलाड़ी इस बीमारी से उबर गए है, लेकिन सुरेंद्र को हाथ में सूजन के बाद फिर से गुरुवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अन्य पांचों को अपने साथियों के साथ जुड़ने से पहले कुछ और समय के लिए पृथकवास में रहना होगा।
कोर समूह के अन्य खिलाड़ियों ने एरोबिक व्यायाम पर ध्यान देने के साथ बुधवार से बुनियादी खेल गतिविधियां शुरू कीं। हॉकी इंडिया की विज्ञप्ति में रीड ने कहा, 'हम अगले कुछ हफ्तों में प्रत्येक खिलाड़ी की विकास योजना पर काम करेंगे और कौशल विकास पर ध्यान केंद्रित करेंगे। अभी हम उनके एरोबिक में सुधार कर सकते हैं।'
उन्होंने कहा कि, 'खिलाड़ियों की गतिविधियां और फैसलों से तय होगा कि वे अगले साल टोक्यो ओलंपिक में कैसा प्रदर्शन करेंगे। मैंने खिलाड़ियों को याद दिलाया कि हमारी हर गतिविधि और निर्णय क्षमता हमें अपने ओलंपिक लक्ष्य के करीब पहुंचने में मदद करेगी या इससे दूर ले जाएगी। मैंने उन्हें इस यात्रा में अगले कुछ महीनों के महत्व के बारे में बताया।’
इस 56 वर्षीय ऑस्ट्रेलियाई कोच ने कहा कि इस महीने की शुरुआत में राष्ट्रीय शिविर से जुड़ने के बाद अनिवार्य रूप से दो सप्ताह की पृथकवास अवधि के दौरान खिलाड़ियों को देश के ओलंपिक इतिहास को जानकर अपने ओलंपिक लक्ष्य को फिर से हासिल करने का काम सौंपा गया था। मुख्य कोच ने कहा, ‘पिछले दो सप्ताह के दौरान, हमने समय का उपयोग भारत के असाधारण ओलंपिक इतिहास के बारे में जानने के लिए किया।’