अंतरराष्ट्रीय हॉकी महासंघ (एफआईएच) के अध्यक्ष नरिंदर बत्रा भारतीय ओलिंपिक संघ (आईओए) के अध्यक्ष बन गए हैं। इस पद पर वो चार साल तक बने रहेंगे। बत्रा के अलावा राजीव मेहता महासचिव पद पर निर्वाचित हुए है।
गौरतलब है कि चुनाव में बत्रा निर्विरोध अध्यक्ष चुने गए। उन्हें 142 वोट मिले जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी अनिल खन्ना को 13 वोट ही हासिल कर पाए। आनंददेश्वर पांडे कोषाध्यक्ष जबकि आर के आनंद उपाध्यक्ष चुने गए। आर के आनंद को 96 मत पड़े जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी जे गहलोत को 35 वोट प्राप्त हुए।
चुनाव जीतने के बाद बत्रा ने कहा, 'वह 2032 ओलिंपिक, 2030 एशियाई खेल और 2026 राष्ट्रमंडल खेल की मेजबानी का प्रस्ताव सरकार के समक्ष रखेंगे। अभी मुझे आईओए अध्यक्ष का पदभार संभालना है। एक बार पदभार संभालने के बाद आईओए सरकार के पास 2032 ओलिंपिक, 2030 एशियाई खेल और 2026 राष्ट्रमंडल खेल की मेजबानी का प्रस्ताव लेकर जाएगा। हमें बड़ा सोचना चाहिए लेकिन इन खेलों की मेजबानी सरकार पर निर्भर होगी क्योंकि कोषों को मंजूरी उन्हें ही देनी है।'
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इसी के साथ 60 वर्षीय बत्रा राष्ट्रीय ओलंपिक समिति के अध्यक्ष बनने वाले चुनिंदा प्रशासकों में शामिल हो गए हैं। बत्रा इससे पहले हॉकी इंडिया के अध्यक्ष रह चुके हैं। अखिल भारतीय टेनिस संघ (एआईटीए) के पूर्व अध्यक्ष अनिल खन्ना के अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने से नाम वापस लिए जाने के बाद बत्रा का अध्यक्ष पद पर चुना जाना मात्र औपचारिकता रह गया था। इससे पहले भारतीय भारोत्तोलन महासंघ के अध्यक्ष बैश्य भी शुरुआत में अध्यक्ष पद की दौड़ में थे लेकिन बाद में उन्होंने नाम वापस ले लिया था।