हरेन्द्र सिंह को भारत की सीनियर पुरुष हॉकी टीम के चीफ कोच के पद से हटाने के बाद हॉकी इंडिया ने नए कोच के लिए आवेदन करने की तारीख दो बार आगे बढ़ाने के बाद 28 फरवरी कर दी थी। इस पद के लिए आवेदन करने की इस तारीख के बृहस्पतिवार को खत्म होने के बाद हॉकी इंडिया द्वारा अपनी वेबसाइट से इसके लिए निकाले विज्ञापन को शुक्रवार सुबह अंतत: हटा दिया। हॉकी इंडिया की सीईओ इलिना नॉर्मन से जब अमर उजाला ने इस बाबत जानना चाहा तो उन्हें अपने मोबाइल से मैसेज कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा, हमें भारत की पुरुष हॉकी टीम के चीफ कोच पद के लिए दर्जन से ज्यादा उत्कृष्ट कोचों के आवेदन मिले हैं। उनके नाम फिलहाल गुप्त ही रखे गए हैं क्योंकि फिलहाल इस पद के लिए आवेदन करने वाले कई कोच कई अच्छी टीमों के साथ कार्यरत हैं।’
यह हकीकत यह है कि भारतीय हॉकी को परोक्ष रूप से ऑस्ट्रेलियाई ही चला रहे हैं। हॉकी इंडिया की सीईओ इलिना नार्मन खुद ऑस्ट्रेलियाई हैं। हॉकी इंडिया के हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर डेविड जॉन और एनालिटिकल कोच क्रिस सिरिलो भी ऑस्ट्रेलियाई हैं। भले ही इलिना नॉर्मन इस पद के लिए आवदेन करने वालों के नाम गुप्त रखने की बात कहें फिर भी जिनके नामों की चर्चा है उनमे जे स्टैसी और टैरी वॉल्श सहित सबसे ज्यादा ऑस्ट्रेलियाई कोचों के नाम ही आ रहे हैं। इससे यह तो करीब करीब तय लग रहा है कि भारत की सीनियर पुरुष हॉकी टीम का अगला कोच ऑस्ट्रेलियाई ही होगा। हॉकी इंडिया के सूत्रों पर यकीन करें तो इस बाबत फैसला आने वाले पखवाड़े में होने की उम्मीद है।
वॉल्श का दावा इस पद के लिए सबसे मजबूत इसलिए माना जा रहा है क्योंकि वह भारतीय हॉकी टीम के मिजाज और यहां की व्यवस्था को ठीक से समझते हैं। इस बाबत 18 फरवरी को %अमर उजाला’ लिख चुका है। वाल्श का अभी हाल ही में मलयेशिया के हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर पद का करार इस महीने के आखिर में खत्म हो रहा है। वॉल्श के पक्ष में जो सबसे बड़ी बात है वह यह कि वह भारत की मौजूदा हॉकी टीम के कप्तान मनप्रीत, श्रीजेश, कोथाजीत सिंह , रूपिंदर पाल सिंह, आकाशदीप सिंह जैसे ज्यादातर खिलाडिय़ों के खेल को जानते हैं। बस देखना यह होगा कि वह हॉकी इंडिया के निजाम के साथ खुद को कितना ढाल पाते हैं।
स्टैसी और वॉल्श के साथ एक अन्य ऑस्ट्रेलियाई ग्राहम रीड का नाम भी इस पद के लिए लिया जा रहा था। भारत के हाई परफॉर्मेंस डायरेक्टर डेविड जॉन भी रीड को चीफ कोच बनाए जाने के इच्छुक बताए जाते थे लेकिन खुद रीड इसके लिए इच्छुक नहीं थे। रीड फिलहाल ऑस्ट्रेलियाई टीम के साथ बतौर कोच जुड़े हैं। एक अहम बात यह है कि दुनिया के सभी नामी और बेहतरीन हॉकी उस्ताद ओलंपिक साइकिल के कारण टीमों को 2020 के ओलंपिक के लिए तैयार करने में व्यस्त है।