मैनचेस्टर यूनाइटेड को ल्यूक शॉ का आत्मघाती गोल भारी पड़ा। शॉ के खेल के 12वें मिनट में ही किए गए इस आत्मघाती के दम पर बार्सिलोना ने चैंपियंस लीग के क्वार्टर फाइनल के पहले चरण में यूनाईटेड को 1-0 से मात देकर सेमीफाइनल की अपनी उम्मीदें मजबूत कर ली हैं। बार्सिलोना की यह मैनचेस्टर यूनाईटेड के खिलाफ लीग में चौथी जीत है और यह सभी उसने अलग-अलग मैदानों में दर्ज की हैं।
हालांकि इस गोल के अलावा ओली गुन्नार की टीम मैनचेस्टर यूनाईटेड ने लियोनल मेसी की बार्सिलोना को कोई मौका नहीं दिया। चौदह साल में पहली बार ऐसा हुआ जब मैनचेस्टर यूनाईटेड की टीम चैंपियंस लीग में कोई गोल नहीं कर सकी। इससे पहले उसे 2005 में एसी मिलान से 1-0 से हार मिली थी। पहली बार मैनचेस्टर यूनाईटेड को चैंपियंस लीग के नॉकआउट में लगातार तीन हार का सामना करना पड़ा। यही नहीं उसे लीग के पिछले छह मुकाबलों में से चार में घर में हार मिली।
रोनाल्डो ने दागा चैंपियंस लीग का अपना 125वां गोल
वहीं, क्रिस्टियानो रोनाल्डो के चैंपियंस लीग के 125वें गोल के बावजूद जुवेंटस को क्वार्टर फाइनल के पहले चरण में अजाक्स ने एक-एक की बराबरी पर रोक दिया। पांच बार यह ट्रॉफी जीत चुके रोनाल्डो ने खेल के 45वें मिनट में हेडर से शानदार गोल कर जुवेंटस के बढ़त दिलाई।
रोनाल्डो का यह रिकॉर्ड गोल पहला गोल दागने के 12 साल बाद आया। हालांकि अगले ही मिनट में डेविड नेरेस (46वें मिनट) में अजाक्स को बराबरी दिला दी। रोनाल्डो ने चोट के बाद टीम में वापसी की है।