भारतीय महिला फुटबाल टीम 2020 ओलंपिक क्वालीफायर के तीसरे दौर में क्वालीफाई करने का मौका चूक गये लेकिन मुख्य कोच मेमोल रॉकी ने अपनी टीम के प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि लड़कियों ने अपनी उम्र से अधिक परिपक्वता दिखायी।
भारतीय टीम को ग्रुप ए में शीर्ष पर पहुंचने के लिए एक जीत की जरूरत थी लेकिन टीम मंगलवार को म्यामां के खिलाफ दो बार बढ़त गंवाकर 3-3 से ड्रा ही खेल सकी और टूर्नामेंट से बाहर हो गयी।
मेमोल रॉकी ने कहा, ‘‘ये लड़कियां धाकड़ हैं। यह दिख रहा था कि म्यामां के खिलाफ उन्होंने शत प्रतिशत से अधिक दिया। उन्होंने फुटबालर के तौर पर अपनी उम्र से अधिक परिपक्वता का प्रदर्शन किया। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘मैं गर्व से कह सकती हूं कि इस टीम में एशिया की कुछ सर्वश्रेष्ठ टीमों पर दबदबा बनाने की काबिलियत है। उन्होंने बार बार दिखाया कि वे अपनी मजबूती के अनुसार खेलें तो वे कुछ भी कर सकती हैं। ’’
एएफसी ओलंपिक क्वालीफायर के दूसरे दौर में भारतीय टीम ने तीन मैचों में सात अंक हासिल किए जो म्यामां के बराबर ही थे। लेकिन मेजबान टीम बेहतर गोल अंतर के तौर पर अगले दौर में पहुंचने में सफल रही।
इनपुट: भाषा