विश्व कप और यूरो कप के बाद फुटबॉल का तीसरा बड़ा टूर्नामेंट कोपा अमेरिका रविवार को मौजूदा चैंपियन ब्राजील और वेनेजुएला के बीच मुकाबले के साथ ही शुरू हो जाएगा। दक्षिण अमेरिका की दस दिग्गज टीमों के बीच 28 दिन में 28 मुकाबले खेले जाएंगे।
अर्जेंटीना के लियोनल मेसी, ब्राजील के नेमार और उरुग्वे के लुईस सुआरेज जैसे स्टार खिलाड़ी अपनी टीमों को चैंपियन बनाने के लिए पूरा जोर लगाएं। कतर में अगले साल होने वाला विश्व कप मेसी का आखिरी टूर्नामेंट हो सकता है। ऐसे में उसके पहले 34 वर्षीय मेसी के पास अपनी राष्ट्रीय टीम के लिए कोई खिताब जीतने का यह आखिरी मौका हो सकता है।
चौदह बार के चैंपियन अर्जेंटीना ने 28 साल (1993 के बाद) से यह खिताब नहीं जीता है। कप्तान मेसी अपना ही नहीं टीम का भी लंबे समय से चला रहा खिताबी सूखा खत्म करना चाहेंगे।
ब्राजील को मिलेगा घर में खेलने का फायदा
ब्राजील के खिलाड़ी विरोध के बाद खेलने के लिए तैयार हो गए है जिससे उसकी टीम अपने खिताब का बचाव करने की प्रबल दावेदार बन गई। ब्राजील को अर्जेंटीना से कड़ी चुनौती मिलेगी। अर्जेंटीना को हालांकि अपनी घरेलू सरजमीं पर खेलने का मौका नहीं मिलेगा। अर्जेंटीना और कोलंबिया पहले कोपा अमेरिका के संयुक्त मेजबान थे लेकिन बाद में विभिन्न कारणों से उन्हें मेजबानी से हटा दिया गया और ब्राजील को इसके आयोजन की जिम्मेदारी सौंपी गई।
दर्शक नहीं
कोविड—19 के कारण दर्शकों को स्टेडियम आने की अनुमति नहीं है। इस महामारी के कारण यह टूर्नामेंट एक साल बाद आयोजित किया जा रहा है।
दो ग्रुप में बांटा गया है टीमों को
- ग्रुप ए : अर्जेंटीना, बोलिविया, उरुग्वे, चिली, पराग्वे।
- ग्रुप बी : ब्राजील, कोलंबिया, वेनेजुएला, इक्वाडोर व पेरू।