बैसाखियों पर चलने वाली फुटबॉलर फ्रेन किर्बी
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लगभग डेढ़ साल पहले की बात है महिला फुटबॉलर फ्रेन किर्बी ह्रदय रोग ‘पेरिकार्डिटिस’ से ग्रस्त हो गईं। उनकी हालत इतनी खराब हो गई कि वह दो महीने तक सोफे तक सिमट कर रह गईं। बोलने में भी दिक्कत होती थी। शारीरिक गतिविधियां बेहद सीमित हो गई थीं। थोड़ा-बहुत डगमगाकर चल पाती थी। वो तो खेल से संन्यास पर विचार कर रही थीं।
खेल टलने से मिला वापसी का मौका
अगर कोरोना के कारण पिछले साल ओलंपिक नहीं टले होते तो शायद 28 वर्षीय खिलाड़ी इस साल टोक्यो ओलंपिक में ब्रिटेन की फुटबॉल टीम का हिस्सा नहीं होती। खेल स्थगित होने से उन्हें स्वस्थ होने के लिए समय मिल गया।
महिला लीग में दिखाया कमाल
किर्बी ने अगस्त 2020 में बैसाखी के सहारे चलना शुरू किया। धीरे-धीरे ठीक होना शुरू हो गईं। उसके बाद उन्होंने चेल्सी क्लब को एफए महिला सुपर लीग और कॉन्टिनेंटल कप दिलाने में मदद की और टीम चैंपियंस लीग के फाइनल में पहुंची। उन्हें पेशेवर फुटबॉलर संघ और फुटबॉल राइटर्स की ओर से वर्ष की श्रेष्ठ खिलाड़ी का पुरस्कार मिला।
‘एक समय ऐसी स्थिति में नहीं थी कि ओलंपिक टीम में चयन के बारे में सोचती। दरअसल मैंने बैसाखियों के सहारे वापसी की शुरुआत की थी। तब तो यही सोच रही थी कि चेल्सी के लिए सीजन में कुछ खेल पाई तो बड़ी बात होगी।’
- फ्रेन किर्बी