चेन्नइयन इस सदमे से उबर पाती इससे पहले ही जॉन जॉनसन ने 13वें मिनट में एटीके के लिए दूसरा गोल कर स्कोर 2-0 कर दिया। लैंजारोते ने एक कर्लिंग किक बॉक्स के अंदर डाली जिसे जॉनसन ने नेट में डालने में कोई गलती नहीं की।
चार मिनट बाद हालांकि कार्लोस सालोम ने फ्रांसिस्को फर्नांडेज की मदद से चेन्नइयन का खाता खोला। फ्रांसिस्को ने दाहिने फ्लैंक से गेंद को ड्रिबल करते हुए कार्लोस तक पहुंचाई और फॉरवर्ड खिलाड़ी ने शानदार तरीके से गोल कर चेन्नइयन की वापसी की उम्मीदों को जिंदा रखा।
पहले 20 मिनट में तीन गोल से खेल में रोमांच आ गया था और दर्शक भी इसका लुत्फ उठा रहे थे। इसबीच 27वें मिनट में प्रणॉय हल्दार को पीला कार्ड मिला। तीन मिनट बाद लैंजारोते ने एटीके के लिए तीसरा गोल करने का एक और मौका बनाया जो असफल रहा।
दूसरे हाफ में एक गोल से पीछे रहकर उतरी चेन्नइयन के लिए एटीके के जॉनसन ने गलती से लगभग गोल कर दिया था। जॉनसन की किस्मत ही थी कि वह ऐसी गलती करने से बच गए। 56वें मिनट में गेंद जॉनसन के पास आई। इस खिलाड़ी ने गेंद को क्लीयर करने की कोशिश की, लेकिन इसी प्रयास में वह कार्लोस सालोम के पास गेंद को भेज बैठे। लेकिन उनका शॉट पोस्ट के बाहर चला गया।
62वें मिनट में सालोम के पास गोल करने का एक और मौका था, लेकिन इस बार भी वह चूक गए। इसाक के पास बाएं तरफ से क्रॉस पास आया जिसे वो बाहर खेल बैठे।
चेन्नइयन के पास 79वें मिनट में बराबरी का मौका आया। थोई सिंह ने नेल्सन को क्रॉस पास दिया जो खाली खड़े थे। नेल्सन ने गोलपोस्ट पर निशाना साधा जिसे एटीके के गोलकीपर अरिंदम ने उसे बचा लिया। 88वें मिनट में सालोम ने एक बार फिर गोलपोस्ट पर निशाना दागा लेकिन गेर्सन उनकी राह में रोड़ा बन गए।
एटीके ने अंतिम मिनटों में अपनी बढ़त को कायम रखते हुए जीत हासिल की। इनपुट-भाषा