यहां चल रही एशियाई चैंपियनशिप के पदक वितरण समारोह में भारतीय महिला पदक विजेता साइकिलिस्ट के पदक ट्रे हाथों में लेकर पदक वितरण समारोह में जाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। यह मामला एशियाई साइकिलिंग चैंपियनशिप में रोड रेस स्पर्धाओं के पहले दिन का है।
प्रतियोगिता में पदक विजेता मनोरमा देवी, सुनीता देवी और अंजना पदक वितरण समारोह में पदक ट्रे लेकर पहुंची तो वहां उपस्थित सभी लोग हक्के-बक्के रह गए। आमतौर पर पदक ट्रे ले जाने के लिए स्टाफ रखा जाता है।
मनोरमा ने ट्रैक स्पर्धाओं के कीरीन रेस में यमुना वेलड्रोम में रजत पदक जीता था। ट्रैक स्पर्धाओं के लिए रोड रेस का आयोजन बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट के फार्मूला वन सर्किट पर हो रहा है।
वहीं सुनीता ने महिलाओं की एलीट व्यक्तिगत टाइम ट्रायल में हिस्सा लिया था और 12वें स्थान पर रहीं थी। लेकिन भारतीय साइकिलिंग महासंघ को इसमें कुछ भी गलत नजर नहीं आ रहा है।
एशियाई चैंपियनशिप के आयोजन सचिव ओंकार सिंह ने कहा, ‘इसमें कुछ भी अपमानजनक जैसा नहीं है। यह तो सम्मानित करने का नया और अनूठा अंदाज है। एशियाई चैंपियन को पदक देना अपने आप में बड़ा सम्मान है। हम अपने कालेज समय में भी खेल स्पर्धाओं में ऐसा करते थे।’