Chanakya Niti For Students: चाणक्य, जो 'कौटिल्य' के नाम से भी विख्यात हैं। उनकी गणना उस समय के महान शिक्षकों में की जाती है। यही नहीं आचार्य चाणक्य एक अच्छे सलाहकार और एक महान अर्थशास्त्री माने जाते थे। उन्होंने एक महान ग्रंथ की रचना भी की है, जिसे चाणक्य नीति के नाम से जाना जाता है। आचार्य चाणक्य ने तक्षशिला विश्वविद्यालय से शिक्षा ग्रहण की थी। अपनी शिक्षा पूरी करने के बाद वह एक लंबे समय तक इसी विश्वविद्यालय में शिक्षक के पद पर आसीन रहे। उन्होंने विद्यार्थियों के जीवन को संवारने के लिए कई सफलता सूत्र दिए है, जिससे विद्यार्थियों को उचित मार्गदर्शन मिलता है।
चाणक्य के अनुसार जीवन में विद्यार्थी होने का समय सबसे अनमोल होता है। इस उम्र में किए गए प्रयास से उज्ज्वल भविष्य का निर्माण किया जाता है, इसलिए विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य और अन्य कार्यों को पूर्ण करने के लिए ठोस रणनीति का निर्माण करना चाहिए। सभी कार्यों को योजनाबद्ध तरीके से करने पर वह उसका लाभ भी उठा सकते हैं। हालांकि, चाणक्य ने विद्यार्थियों की उन आदतों का भी उल्लेख किया है, जो उन्हें औरों से पीछे कर देती है। इन आदतों का त्याग करने में ही भलाई है। इसी कड़ी में आइए इनके बारे में विस्तार से जान लेते हैं।