वैदिक काल से ही सनातन धर्म में कई धार्मिक परंपराएं और मान्यताएं चली आ रही हैं जिसका लोग आज भी पालन करते आ रहे हैं। ये मान्यताएं धर्म से जुड़ी ही हैं साथ ही इसके पीछे वैज्ञानिक कारण भी है। इन नियमों का पालन करने से सेहत तो ठीक रहती ही है साथ में मानसिक शांति मिलती है। वहीं इनका पालन करने से धार्मिक लाभ भी मिलते हैं।
माथे पर तिलक
भारतीय परंपरा के अनुसार तिलक लगाना सम्मान का सूचक भी माना जाता है। माना जाता है कि माथे पर तिलक लगाने से सकारात्मकता आती है और कुंडली में मौजूद उग्र ग्रह शांत होते हैं। शास्त्रों के मुताबिक चंदन का तिलक लगाने वाले का घर अन्न-धन से भरा रहता है और सौभाग्य में बढ़ोतरी होती है। तिलक लगाने से जीवन में यश बढ़ता है और पापों का नाश होता है। वहीं वैज्ञानिक नजरिए की बात की जाए तो दोनों आंखों के बीच में आज्ञा चक्र होता है। इस आज्ञा चक्र पर टीका लगाने पर हमारी एकाग्रता बढ़ती है।
जमीन पर पालथीमार कर भोजन करना
भारतीय परंपरा में आज भी अधिकतर घरों में जमीन पर बैठकर भोजन करने की परंपरा है। जमीन पर पालथी मारकर भोजन करने से पाचन तंत्र ठीक रहता है। जमीन पर बैठकर खाना खाने से मन शांत रहता है। नीचे बैठकर खाना खाने से हमारा शरीर लचीला बनता है और मन शांत रहता है। इसके अलावा जमीन पर बैठने से तनाव भी खत्म होता है। धार्मिक मान्यता है कि जमीन पर आलती-पालती मारकर बैठने से माता धरती का आशीर्वाद मिलता है।
हाथ जोड़कर प्रणाम करना
भारतीय परंपरा में एक दूसरे का अभिवादन करते समय हाथ की दोनों हथेलियों को जोड़कर नमस्कार किया जाता है। इसका वैज्ञानिक तर्क यह है कि जब हम एक दूसरों को नमस्ते करते हैं तो उस समय सभी उंगलियां आपस में एक दूसरे के संपर्क में आती हैं जिनसे उन पर दबाव पड़ता है। उंगलियों की नसों का संबंध शरीर के सभी प्रमुख अंगों से होता है। इस कारण उंगलियों पर दबाव पड़ता है जिसका सीधा अच्छा असर हमारी आंखों, कानों और दिमाग पर होता है।
सूर्य की पूजा करना
हमारे शास्त्रों में सूर्य को प्रमुख स्थान प्राप्त है। शास्त्रों में सूर्य को जल चढ़ाने से घर-परिवार और समाज में मान-सम्मान मिलता है। कुंडली में सूर्य के अशुभ फल खत्म होते हैं। वहीं सूर्य को सुबह जल देने के वैज्ञानिक कारण भी है। जल चढ़ाते समय पानी से आने वाली सूर्य की किरणें, जब आंखों हमारी में पहुंचती हैं तो आंखों की रोशनी अच्छी होती है। साथ ही सुबह-सुबह की धूप भी हमारी त्वचा के लिए फायदेमंद होती है।
रसोई घर को साफ रखें
यदि किसी घर में किचन साफ नहीं रहता है और सामान इधर-उधर बिखरा हुआ दिखाई देता है तो इससे मंगल ग्रह के दोष बढ़ते हैं। मंगल के अशुभ प्रभावों से भूमि संबंधी कामों में नुकसान हो सकता है और अविवाहित लोगों के विवाह में देरी हो सकती है। मंगल के दोष दूर करने के लिए किचन को हमेशा साफ रखें और सारा सामान सही ढंग से जमा हुआ रखना चाहिए। रसोई साफ रखने से आप हानिकारक कीटाणुओं से बच सकते हैं।
तुलसी के पौधे का महत्व
तुलसी के पौधे में कई तरह की औषधि गुण होते हैं और घर पर तुलसी की पूजा करने से सुख-समृद्धि आती है। तुलसी के संपर्क से हमारा इम्यून सिस्टम मजबूत होता है। यदि घर में तुलसी होगी तो इसकी पत्तियों का इस्तेमाल भी होगा और उससे कई बीमारियां दूर रहती हैं।
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