बाथरूम में नहीं है ये चीजें तो वास्तु दोष का शिकार हो सकते हैं आप
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वास्तु शास्त्र बताता है कि घर में रखी हर चीज एक ऊर्जा का प्रतीक होता है और हर चीज एक ऊर्जा को संचारित करता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार घर के हर कोने की दिशा और व्यवस्था का हमारे जीवन पर गहरा असर पड़ता है। कई बार लोग अपने घर की मुख्य जगहों को वास्तु के अनुसार सजाते हैं, लेकिन बाथरूम की दिशा और स्थिति पर ध्यान नहीं देते, जो तरक्की और सुख-शांति में अड़चन पैदा कर सकती है। हालांकि, आप कुछ छोटे से उपायों से आप बाथरूम से जुड़ी इन समस्याओं को सुधार सकते हैं। तो आज की इस खबर में हम आपको उन उपायों के बारे में बनाने जा रहे हैं, जिससे आप अपने बाथरूम के दोषों को दूर कर सकते हैं।
सही दिशा में बनवाएं बाथरूम
अगर बाथरूम दक्षिण-पश्चिम दिशा में बना है तो इसे वास्तु के अनुसार अनुकूल नहीं माना जाता। इस स्थिति में वहां क्रिस्टल पिरामिड या स्फटिक बॉल रखना एक असरदार उपाय है, जिससे ऊर्जा का संतुलन बना रहता है और घर में शांति बनी रहती है। ऐसे में कोई नकारात्मकता घर में नहीं फैलती है।
बाथरूम का दरवाजा हमेशा रखें बंद
बता दें कि बाथरूम का दरवाजा खुला रखना नकारात्मक ऊर्जा को पूरे घर में फैलने देता है। इसलिए इसे हमेशा बंद रखना चाहिए। साथ ही दरवाजे पर कुछ ऐसा भी लगा सकते हैं, जिसे देखने से आपका मन सकारात्मक ऊर्जा से भर जाए।
सेंधा नमक का जरूर करें इस्तेमाल
वास्तु शास्त्र की मानें तो बाथरूम में एक कोने में सेंधा नमक से भरी कटोरी रखने से नकारात्मकता कम होती है। यह नमक नकारात्मक ऊर्जा को सोखने का काम करता है। इसे हर 15 दिन में बदल देना चाहिए। इसलिए आप इस उपाय को भी कर सकते हैं।
आईने की दिशा का भी जरूर रखें ध्यान
बाथरूम में आईना उत्तर या पूर्व दिशा में होना चाहिए। ध्यान रखें कि आईना टॉयलेट सीट को न दिखाए, क्योंकि इससे नकारात्मक ऊर्जा और अधिक बढ़ सकती है। इसलिए आईने की दिशा का भी जरूर ध्यान रखना चाहिए।
पौधों को भी रख सकते हैं
बाथरूम में मनी प्लांट या लकी बैम्बू रखना सकारात्मक ऊर्जा को बढ़ावा देता है और वातावरण को ताजा बनाए रखता है। हालांकि, अगर आपके बाथरूम में स्पेस नहीं है तो आप इसे नजरअंदाज भी कर सकते हैं।
रोशनी और खुशबू बनाए रखें
बाथरूम को रोशनी से भरपूर रखें और उसमें एयर फ्रेशनर या अरोमा डिफ्यूजर का उपयोग करें। इससे वातावरण में ताजगी बनी रहती है और ऊर्जा हल्की व सकारात्मक रहती है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।