सनातन परंपरा में धर्म, अर्थ, काम और मोक्ष से जुड़े व्रतों की एक लंबी परंपरा है। साल के 365 दिनों में प्रतिदिन किसी न किसी देवता को समर्पित व्रत होता है। ऐसा ही एक व्रत किसी भी मास की एकादशी को किया जाता है, जो भगवान श्रीहरि को समर्पित होता है। भगवान विष्णु को समर्पित इस पावन तिथि पर व्रत करने से सभी तरह की मनोकामनाएं पूरी होती हैं। एकादशी के दिन किया जाने वाला यह व्रत साधक को जीवन में सभी प्रकार की सफलता दिलाता है। इस दिन धूप-दीप, फल-फूल आदि से श्री नारायण का पूजन करना चाहिए।
जानें कब-कब पड़ेगी एकादशी
जून
13 जून — निर्जला एकादशी
29 जून — योगिनी एकादशी
जुलाई
12 जुलाई — देवशयनी एकादशी
28 जुलाई — कामदा एकादशी
अगस्त
11 अगस्त — पवित्रा एकादशी
26 अगस्त — अजा एकादशी
सितंबर
09 सितंबर — पद्मा एकादशी
25 सितंबर — इंदिरा एकादशी
अक्टूबर
09 अक्टूबर — पापकुशा एकादशी
24 अक्टूबर — रमा एकादशी
नवंबर
08 नवंबर — देवप्रबोधिनी एकादशी
22 नवंबर — उत्पत्ति एकादशी
दिसंबर
08 दिसंबर — मोक्षदा एकादशी
22 दिसंबर — सफला एकादशी