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Dev Uthani Ekadashi 2024: 'उठो देव बैठो देव हाथ-पांव फटकारो देव' इस स्तुति से करें श्रीहरि की पूजा

Mon, 11 Nov 2024 02:56 PM IST
मेघा कुमारी धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Dev Uthani Ekadashi 2024: कार्तिक माह हिंदू पंचांग का आठवां महीना है, जो भगवान विष्णु की पूजा को समर्पित है। इस माह में दिवाली, भाई दूज और छठ पूजा जैसे कई बड़े त्योहार मनाए जाते हैं। 
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Dev Uthani Ekadashi 2024 - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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Dev Uthani Ekadashi 2024: कार्तिक माह हिंदू पंचांग का आठवां महीना है, जो भगवान विष्णु की पूजा को समर्पित है। इस माह में दिवाली, भाई दूज और छठ पूजा जैसे कई बड़े त्योहार मनाए जाते हैं। हालांकि यह माह अब समाप्ति की ओर है। लेकिन उससे पहले देवउठनी एकादशी का व्रत रखा जाएगा, जो सभी के लिए बेहद खास है। इस दिन सृष्टि के पालनहार भगवान विष्णु चार मास की योग निद्रा से जागते है। उनके योग निद्रा से जागने के बाद एक बार फिर घरों में शुभ मांगलिक कार्यों की शुरुआत हो जाती हैं।

हर साल कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि के अगले दिन देवउठनी एकादशी का व्रत रखा जाता है। इस बार 12 नवंबर 2024 को देवउठनी एकादशी है। इस दिन महिलाएं घरों में गेरू से श्रीहरि की आकृति बनाकर उनकी पूजा करती हैं। इस दौरान उन्हें पूरे श्रद्धा भाव के साथ स्तुति गाकर जगाया जाता है, जिससे वह प्रसन्न होते हैं। मान्यता है कि विष्णु जी के प्रसन्न होने से घर में सुख, शांति, समृद्धि बनी रहती हैं। ऐसे में आइए देवोत्थान की पूजा के लिए इस स्तुति के बारे में जानते हैं।

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देवउठनी एकादशी गीत

उठो देव बैठो देव
हाथ-पाँव फटकारो देव
उँगलियाँ चटकाओ देव
सिंघाड़े का भोग लगाओ देव
गन्ने का भोग लगाओ देव
सब चीजों का भोग लगाओ देव ॥ 
उठो देव बैठो देव
उठो देव, बैठो देव
देव उठेंगे कातक मोस
नयी टोकरी, नयी कपास
ज़ारे मूसे गोवल जा  
गोवल जाके, दाब कटा  
दाब कटाके, बोण बटा
बोण बटाके, खाट बुना
खाट बुनाके, दोवन दे
दोवन देके दरी बिछा
दरी बिछाके लोट लगा
लोट लगाके मोटों हो, झोटो हो
गोरी गाय, कपला गाय
जाको दूध, महापन होए,
सहापन होएI
जितनी अम्बर, तारिइयो
इतनी या घर गावनियो
जितने जंगल सीख सलाई
इतनी या घर बहुअन आई
जितने जंगल हीसा रोड़े
जितने जंगल झाऊ झुंड
इतने याघर जन्मो पूत
ओले क़ोले, धरे चपेटा
ओले क़ोले, धरे अनार
ओले क़ोले, धरे मंजीरा
उठो देव बैठो देव

 
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है। 
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