जानु शीर्षासन करतीं शारीरिक शिक्षिका सीता खुंद
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खेल प्रशिक्षण केंद्र धर्मशाला के सभागार में शिमला जिले की वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मेजोथी, ननखड़ी में तैनात शारीरिक शिक्षिका सीता खुंद (43) ने पौने दो घंटे तक जानु शीर्षासन किया।
इसके लिए सीता का नाम गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज हो गया। इस आसन में अब तक कोई भी रिकॉर्ड नहीं है। आमतौर पर इसे तीन से पांच मिनट तक ही किया जाता है।
सीता ने बताया कि जानु शीर्षासन हृदय रोग, कमर, कंधे, टांगों के दर्द से मुक्ति पाने और उच्च रक्तचाप में लाभदायक है। इससे मानसिक संतुलन बना रहता है। सीता ने बताया कि इस विश्व कीर्तिमान को बनाने का उनका मकसद घरेलू हिंसा मुक्त भारत का संदेश देना है।
शिक्षिका सीता ने बताया कि जानू शीर्षासन हृदय रोग, कमर, कंधे, टांगों के दर्द और उच्च रक्तचाप में लाभदायक है। इससे मानसिक संतुलन भी बना रहता है।