कहा कि भाई को अस्पताल पहुंचाने के लिए करीब चार किलोमीटर के सफर को तय करने में ग्रामीणों को दो घंटे का समय लगा। गांववासी भगत राम, देव राज, राम लाल, जय सिंह, नारायण सिंह, वार्ड सदस्य डोलमा देवी, गोपाल, खेवा राम, गंगा राम, जगत राम, खूब राम, प्रकाश, बुध राम, तेज राम, मेहर सिंह, यान सिंह, निमंत राम, रेपती राम, शेर सिंह, झावे राम, यशपाल, ठाकुर दास, चुनी लाल तथा पूर्ण चंद का कहना है कि ग्राम पंचायत रैला के गांव भूपन, पाशी, थाटीधार और खडंगचा, कुंडर और मझाण के लोग अभी भी पैदल चलने को मजबूर हैं।
उन्हें अभी तक 15 किलोमीटर तक पैदल चलना पड़ता है। उत्पाद व खाने-पीने की वस्तुओं को भी पीठ पर उठाकर गंतव्य तक पहुंचाने के लिए विवश हैं। कई बार सरकार व लोनिवि से सड़क निकालने की मांग की। लेकिन किसी ने उनकी समस्या को नहीं सुना है। इस संदर्भ में विभाग को चार बार प्रस्ताव भेजे गए हैं। उधर, लोनिवि बंजार के अधिशासी अभियंता चमन लाल ठाकुर का कहना है कि कठियारी नाला से खडंगचा वाया भूपन, पाशी, थाटीधार सड़क के सर्वे को टोकन मनी डाला गया है। जल्द ही इस सड़क का सर्वे करवाया जाएगा।