जाखू में बंदरों के हमलों से सैलानी परेशान हैं। शनिवार को जाखू मंदिर में दर्शनों के लिए आए दो पर्यटकों को बंदरों ने काट लिया। बंदरों के काटने के बाद दोनों पर्यटकों को उपचार के लिए डीडीयू अस्पताल लाया गया। यहां पर दोनों को एआरवी वैक्सीनेशन लगाकर वापस भेजा गया।
राजस्थान के रिवाड़ी के रहने वाले सुरेंद्र दर्शनों के लिए मंदिर जा रहे थे। इसी बीच बंदर ने माथे पर झपटा मार दिया। दिल्ली के सुनील को भी बंदरों ने काटा है। यहां बंदर जहां लोगों से सामान छीन लेते हैं वहीं अब हमला कर लोगों को घायल भी कर रहे हैं।
यह बंदर इतने शातिर हो चुके हैं कि पहले तो लोगों से सामान छीन लेते हैं फिर खाने को कुछ सामग्री पाने के बाद ही लौटाते हैं। इसके अलावा यह बंदर जबरन रास्ता रोककर लोगों की जेबों को चेककर भी सामान निकाल लेते हैं।
अस्पताल में शाम चार बजे तक मालरोड, छोटा शिमला, स्टेट लाइब्रेरी, शिवनगर टुटू और समरहिल से कई लोग बंदरों के काटने के बाद उपचार करवाने आए थे। अस्पताल में बंदरों और लावारिस कुत्तों के काटने के 15 मामले शनिवार को पहुंचे।
इसके अलावा बीते दिनों निगम विहार में बच्चों को स्कूल लेने जा रही महिला बबीता देवी को भी कुत्तों ने बुरी तरह काट लिया था। उपचार के लिए महिला को आईजीएमसी अस्पताल लाया गया।
वहीं जाखू में बंदरों के बढ़ते आतंक से सैलानी भी परेशान हैं। सैलानियों का कहना है कि प्रशासन को यहां बंदरों की समस्या से निजात दिलाने के लिए पुख्ता कदम उठाने चाहिए ताकि लोगों को किसी प्रकार की दिक्कत न हो।