रात को तबीयत ज्यादा बिगड़ने पर टांडा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। गंभीर हालत देखते हुए उन्हें पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया जहां शुक्रवार को त्रिलोक सिंह ने दम तोड़ दिया। त्रिलोक और गुरबचन सिंह भी सेना से सेवानिवृत्त हुए हैं। बता दें कि दिनेश गुरबचन के तीसरे भाई का बेटा है जिनका पहले ही देहांत हो चुका है।
एसपी कांगड़ा संतोष पटियाल ने कहा कि दोनों आरोपियों के खिलाफ पहले धारा 341, 42 के तहत मुकदमा दर्ज किया था, लेकिन अब त्रिलोक सिंह की मौत होने पर आईपीसी की धारा 302 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है।