ईसीजी में गड़बड़ी से घबराकर वह इलाज को चंडीगढ़ के निजी अस्पताल चले गए। वहां पर डॉक्टर ने बताया कि उनके हार्ट में 70 फीसदी ब्लॉकेज है। ऐसे में उसे स्टेंट डाल दिया गया। इससे उसे और परेशानी हो गई। एक अन्य चिकित्सक से जांच कराने पर पता चला कि उसे स्टेंट डलवाने की कतई जरूरत नहीं थी।
वहीं पुलिस ने शिकायत हृदय रोग विशेषज्ञों की राय लेकर पड़ताल की तो दोनों डॉक्टरों की लापरवाही सामने आई। इस पर पुलिस ने ईसीएचएस होल्टा में तैनात तत्कालीन डॉ. एसके त्रिवेदी और चंडीगढ़ के एक निजी अस्पताल के डॉ. राघव के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
डीएसपी पालमपुर विकास धीमान ने कहा कि इस मामले में पुलिस ने सभी तथ्य जांचने के बाद दो चिकित्सकों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है।