जीरो इनरोलमेंट वाले विषयों के शिक्षकों के तबादले कैसे हो गए? इसको लेकर उच्च शिक्षा निदेशालय की कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में है। जब निदेशालय को यह मालूम था कि स्कूलों में संबंधित विषय में दाखिले नहीं हुए तो किस आधार पर वहां शिक्षक भेजे।
मुख्यमंत्री आफिस को किया गुमराह
हिमाचल में तबादलों पर बैन है। सिर्फ मुख्यमंत्री की मंजूरी से तबादले हो सकते हैं। जिस शिक्षक का तबादला किया जा रहा है, उसे जीरो इनरोलमेंट वाले स्कूल में भेजा जा रहा है। यह जानकारी मुख्यमंत्री को नहीं दी गई। ऐसे में तबादले करवाने वालों ने सीएम आफिस को भी गुमराह किया। ऐसे तबादलों के लिए डीओ देने वाले विधायकों और मंत्रियों ने भी इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया।