मौत के बाद लाहौल-स्पीति के एक सेवानिवृत्त अधिकारी ने आठ लोगों को नया जीवन दिया है। जनजातीय जिले के तिंदी गांव के सेवानिवृत्त अधिशासी अभियंता केसी ठाकुर मृत्यु के बाद भी ‘जिंदा’ रहेंगे। शिमला में सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल होने के बाद मंगलवार को पीजीआई में उनका निधन हो गया। परिजनों की सहमति के बाद पीजीआई में उपचाराधीन आठ लोगों को लिवर समेत उनके अंग ट्रांसप्लांट कर दिए गए। गंभीर बीमारियों से जूझ रहे इन मरीजों को इससे नई जिंदगी मिली है। अंग प्रत्यारोपित करने के बाद केसी ठाकुर की पार्थिव देह एंबुलेंस से कुल्लू भेजी गई है। वीरवार को भुंतर स्थित घाट में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
केसी ठाकुर के बेटे चिराग राज ठाकुर ने बताया कि डॉक्टरों के कहने पर परिवार वालों ने सहमति से पिता के लिवर समेत 8 अंग दान किए हैं। पीजीआई में आठ लोगों को ये अंग ट्रांसप्लांट किए हैं। गौरतलब है कि चार फरवरी को शिमला से कुल्लू आते समय जतोग कैंट के पास सड़क हादसे में केसी ठाकुर गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें गंभीर हालत में आईजीएमसी शिमला से पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया था।