शिमला। राजधानी के गंज बाजार स्थित सनातन धर्म सभा के राधा-कृष्ण मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन सोमवार को गोवर्धन धारण और कालिया नाग दमन प्रसंग सुनाया गया। दोपहर 3:00 बजे के बाद शुरू हुई कथा में कथावाचक भक्तिवेदांत विनोद गोस्वामी महाराज ने कहा कि जब-जब धर्म की हानि और अधर्म का विस्तार होता है, तब-तब भगवान विभिन्न रूपों में अवतरित होकर धर्म की पुनः स्थापना करते हैं। गोवर्धन पर्वत प्रसंग सुनाते हुए उन्होंने कहा कि प्रकृति का सम्मान और संरक्षण मानव जीवन के लिए अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि प्रकृति से ही जीवन का आधार प्राप्त होता है। वहीं इंद्र के प्रसंग के माध्यम से उन्होंने बताया कि अहंकार का अंत निश्चित है और ईश्वर के समक्ष किसी का अभिमान नहीं टिकता। सभा के प्रचार मंत्री सुमन पाल दत्ता ने बताया कि एक जुलाई को समापन दिवस पर भगवान जगन्नाथ की भव्य बाजार परिक्रमा निकाली जाएगी। संवाद