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Shimla News: हिंसा को लेकर छात्र संगठनों ने एक दूसरे को ठहराया जिम्मेदार

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एसएफआई का दावा, एबीवीपी ने किया हमला
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अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन के पास सांगटी की ओर जाने वाली सड़क पर एसएफआई और एबीवीपी कार्यकर्ताओं के बीच हुए खून संघर्ष में घायल हुए दोनों संगठनों के आठ से अधिक कार्यकर्ताओं चोटें पहुंची हैं।

इस मामले में दोनों संगठनों ने एक दूसरे पर हमला करने के आरोप लगाए हैं। एसएफआई ने आरोप लगाया गया है कि परिसर के पास ढाबे पर बैठकर मंगलवार सुबह पौने दस बजे उनके कार्यकर्ताओं पविंदर, अंकुश, आर्यन, संजय और जतिन ब्रेक फास्ट कर रहे थे। इसी दौरान अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के गुंडों ने तेजधार हथियारों से हमला कर दिया। समरहिल चौकी के पुलिस कर्मी भी मौके पर मौजूद थे। इस हमले में एसएफआई कार्यकर्ताओं को गंभीर चोटें आई है, जिन्हें उपचार के लिए आईजीएमसी ले जाया गया। एसएफआई के परिसर अध्यक्ष अंकुश और सचिव रितेश ने कहा कि बीते रोज वॉल राइटिंग को लेकर हुए विवाद पर एएसपी रतन नेगी ने दोनों पक्षों के बीच समझौता करवा दिया था। इसके बावजूद एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने सोची समझी साजिश के तहत एसएफआई कार्यकर्ताओं को निशाना बनाकर हमला कर दिया। उन्होंने कहा कि हर बार छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर विवि प्रशासन के खिलाफ एसएफआई का आंदोलन होता है तो एबीवीपी के गुंडे सक्रीय होकर हिंसा पर उतर आते हैं। जामिया मीलिया इस्लामिया और जवाहर लाल नेहरू जैसे विश्वविद्यालयों में भी एबीवीपी इसी तरह की घटिया राजनीति कर हिंसा कर माहौल बना रही है। उन्होंने एबीवीपी द्वारा किये गए हमले की जांच कर इसमें शामिल एबीवीपी के कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करने की मांग की है।
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एसएफआई को परिसर में करें बैन : एबीवीपी
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई के मंत्री आशीष शर्मा ने हिंसा और परिसर का माहौल खराब करने पर एसफआई को परिसर में बैन करने की मांग की है। आरोप लगाया कि कुछ दिनों से एसएफआई के गुंडे एबीवीपी कार्यकर्ताओं पर कमेंट और धमकाकर हिंसा के लिए उकसाने का प्रयास कर रहे थे। एबीवीपी ने विवि से सुरक्षा घेरे को न हटाने की सुरक्षा अधिकारी और कुलपति से मांग की थी। इसके बावजूद प्रशासन ने सुरक्षा हटाई। इसी का लाभ उठाकर एसएफआई कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को तेजधार हथियार से हमला कर दिया। एबीवीपी ने बीते रोज समरहिल चौक पर अपने पुराने स्पॉट पर वाल राइटिंग की थी जिसे एसएफआई ने हटा दिया था। कहा कि मंगलवार को सुबह करीब दस बजे विवि आ रहे एबीवीपी के कार्यकर्ताओं पर एसएफआई के गुंडा तत्वों ने तेजधार हथियारों से हमला बोल दिया।
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