हिमाचल सरकार का नई दिल्ली की कंपनी मैसर्ज फ्रंटलाइन के बीच 100 मेगावाट का सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित करने के लिए एमओयू साइन हुआ है। ऊना, बिलासपुर और कांगड़ा में ये सौर ऊर्जा संयंत्र लगाए जाएंगे। कंपनी ने सरकार को अवगत करवाया कि संयंत्र 700 करोड़ रुपये की लागत से स्थापित होगा, जिसमें हिमाचल के 700 से अधिक युवाओं को रोजगार भी प्राप्त होगा।
प्रधान सचिव बहुउद्देशीय परियोजना एवं ऊर्जा प्रबोध सक्सेना ने राज्य सरकार की ओर से समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। इस दौरान मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर भी मौजूद रहे। फ्रंटलाइन के अध्यक्ष डॉ. संजय सिन्हा ने कंपनी की ओर से साइन किए। कंपनी प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री और अधिकारियों को भविष्य की इस परियोजना की विस्तृत जानकारी दी।
ऊना, बिलासपुर और कांगड़ा में सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने का प्रस्ताव पेश किया। राज्य सरकार ने भी कंपनी को हरसंभव सहयोग देने का आश्वासन दिया। इस अवसर पर अतिरिक्त मुख्य सचिव एवं मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव डॉ. श्रीकांत बाल्दी, फ्रंटलाइन दिल्ली के प्रबंधक निदेशक पुष्पेश सिंह और निदेशक आदित्य सिन्हा भी उपस्थित रहे।