हिमाचल प्रदेश के मंदिरों से सदियों पुरानी ऐसी परंपराएं जुड़ी हैं जिन्हें लोग आज भी मानते आ रहे हैं। ऐसा ही एक ऐतिहासिक एंव पौराणिक मंदिर शिमला जिले के रामपुर में 11, 000 फीट की उंचाई पर स्थित है। यह श्री श्राईकोटी माता का मंदिर है। यहां पति और पत्नी मंदिर में एक साथ तो जाते हैं, लेकिन माता की मूर्ति के साथ दर्शन नहीं करते। दोनो में से एक मंदिर के बाहर रहता है जबकि एक माथा टेककर मंदिर से बाहर आएगा तभी दूसरा भीतर जाकर माता का दर्शन करता है।
यह परंपरा सदियों से चली आ रही है। हालांकि शास्त्रों के अनुसार पूजा अर्चना और धार्मिक अनुष्ठान पति-पत्नी के एक साथ करने पर पूर्ण होते हैं, लेकिन यहां ऐसा करने मां नाराज हो जाती है। मान्यता है कि श्राईकोटी मंदिर में माता शैली पुत्री के रूप में विराजमान है। एक साथ माथा टेकने से माता नाराज हो जाती है और दंपती में बिछोड़ा हो जाता है। पांडवों के समय में बने इस मंदिर में आज तक पति पत्नी एक साथ देवी का दर्शन नहीं करते।