शिमला। राजीव गांधी महाविद्यालय कोटशेरा में एसएफआई कार्यकर्ताओं के निलंबन के विरोध में शनिवार को कॉलेज परिसर में प्रदर्शन किया गया। छात्र नेताओं ने उनके कार्यकर्ताओं के निलंबन को तुगलकी फरमान करार दिया। इस प्रदर्शन में एसएफआई के इकाई सह सचिव रोहित ने कहा कि एसएफआई लगातार कैंपस में पीटीए के नाम पर होने वाले घोटाले, छात्रों को हॉस्टल की सुविधा उपलब्ध करवाने, अध्यापकों के रिक्त पड़े पद भरने की मांगों को लेकर आंदोलन करती आई है। लेकिन कॉलेज प्रशासन का हमेशा ही सरकार की नीतियों का संरक्षण और सरकारी संगठनों का पैरवी करने का कार्य रहा है। उन्होंने कहा कि हिंसा की घटना को लेकर कॉलेज प्रशासन ने 7 निर्दोष छात्रों को निलंबित किया है। सचिवालय सदस्य हेमराज ने कहा कि 6 नवंबर को एनईपी के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान एनएसयूआई के कुछ लोगों ने एसएफआई कार्यकर्ताओं पर हमला किया। उन्होंने कॉलेज प्रशासन को चेताया कि अगर जल्द निर्दोष छात्र नेताओं का निलंबन वापस नहीं किया तो विवि प्रशासन का घेराव कर आंदोलन किया जाएगा।