शिमला। राजीव गांधी महाविद्यालय कोटशेरा चौड़ा मैदान में वीरवार को यूजीसी नैक (राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद) की मान्यता पर सेमीनार का आयोजन किया गया। इसमें जवाहर लाल नेहरू फाइन आर्ट कॉलेज की प्राचार्य डॉ. कामायनी बिष्ट ने नैक मान्यता की आवश्यक और इसकी प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी। कहा कि छात्रों की शिकायतों के निवारण की प्रक्रिया को और बेहतर बनाया जाना चाहिए। नैक टीम के दौरे के दौरान महाविद्यालय के पूर्व छात्रों के साथ संबंधों के महत्व को भी परखा जाता है। कोटशेरा के प्राचार्य डाॅ. गोपाल चौहान ने स्वागत भाषण में नैक ग्रेड का महत्व बताया। सेमिनार के समापन पर डॉ. अनुप्रिया शर्मा ने सभी प्रतिभागियों का आभार जताया। ब्यूरो